रामपुर। एंटी करप्शन मुरादाबाद की टीम ने दस रुपये की रिश्वत लेते हुए जल निगम के जेई को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। यह रिश्वत जल निगम में ही ठेकेदार से बिलों के भुगतान करने के नाम पर मांगी थी। एंटी करप्शन की शिकायत पर अजीमनगर थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
ग्राम परचई निवासी श्रीकांत ने एंटी करप्शन मुरादाबाद से शिकायत की थी कि उसने स्वार क्षेत्र में टंकी निर्माण के दौरान कुछ लेबर लगाई थी। इसके बिल का भुगतान दो माह से लटका हुआ है। अवर अभियंता (जेई) विजेन्द्र दस हजार रुपये की मांग कर रहा है। रिश्वत न देने पर भुगतान न देने की बात कही जा रही है। इससे वह परेशान है। इस पर एंटी करप्शन के अधिकारियों ने शिकायतकर्ता से संपर्क स्थापित किया, जहां गुरुवार को एंटी करप्शन इंचार्ज अब्दुल रज्जाक टीम के साथ रामपुर आ गए। टीम मुरसैना चौराहे पर पहुंच गई, जहां से श्रीकांत ने जेई को फोन किया और रिश्वत देने की बात कही। जेई मौके पर आ गया। श्रीकांत ने दस हजार रुपये दिए। रुपये लेते ही एंटी करप्शन की टीम ने जेई को दबोच लिया। इसके बाद जेई को अजीमनगर थाने लाया गया, जहां उसके खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराया गया है। एंटी करप्शन इंचार्ज ने बताया कि जेई को रंगे हाथों रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया है।