16 सितंबर से लापता चल रहे कंपनी कर्मचारी वेदपाल की हत्या कर दी गई। पुलिस ने गुरुवार को हत्या के आरोप में वेदपाल के दो दोस्तों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक आरोपी अभी हत्थे नहीं चढ़ा है। पुलिस का दावा है कि आरोपी घुमाने के बहाने वेदपाल को नैनीताल ले गए और एक झरने में डुबोकर हत्या कर दी और बाइक लूटकर फरार हो गए। आरोपियों से वेदपाल की बाइक और मोबाइल बरामद किया गया है।
एसपी देहात उदय शंकर सिंह ने बताया कि डिलारी के गोंविदपुर गांव निवासी वेदपाल (43) काशीपुर स्थित लक्ष्मीपुर पट्टी में किराए पर रहता था। वह काशी विश्व नाथ टेक्सटाइल लिमिटेड कंपनी में नौकरी करता था। वेदपाल 16 सितंबर को लापता हो गया था। उसके भाई निहाल सिंह ने 24 अक्तूबर को डिलारी में वेदपाल की गुमशुदगी दर्ज कराई। वेदपाल का मोबाइल और बाइक भी गायब थी। 16 नवंबर को मामले को अपहरण की धारा में तरमीम किया गया।
विज्ञापन
जांच के दौरान वेदपाल की कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस ने ठाकुरद्वारा के किशनपुर गावड़ी निवासी उसके दोस्त राजबीर और निशांत को ट्रेस किया। राजबीर भी काशीपुर में रहता था। राजबीर अपने भाई विजेंद्र के साले नितेश उर्फ निक्की के साथ आईपीसी फैक्ट्री में नौकरी करता था। दोनों को एक सूचना पर बृहस्पतिवार सुबह डिलारी से गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों से वेदपाल की बाइक और मोबाइल बरामद किया गया।
पूछताछ के दौरान राजबीर ने बताया कि उसने बाइक हड़पने के लिए वेदपाल की हत्या की है। वारदात को उसने भाई विजेंद्र के साले नितेश उर्फ निक्की, और अपने साले हरीश के साथ मिलकर अंजाम दिया है। हरीश नैनीताल के मुक्तेश्वर का रहने वाला है और अभी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ा है।