मुरादाबाद। ग्राम पंचायतों में प्रशासकों के कार्यकाल के दौैरान विकास कार्यों के नाम पर अनियमित ढंग से खर्च की गई धनराशि के मामले में शासन स्तर पर गठित पांच सदस्यीय टीम जांच के रविवार को मुरादाबाद पहुंच रही है। इसकी सभी तैयारी पूरी कर ली गई है।
टीम के अधिकारी शाम चार बजे मंडल भर के संबंधित विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी करेंगे। इसके लिए टीम ने मंडल के सभी सहायक विकास अधिकारियों, खंड प्रेरक व कंप्यूटर ऑपरेटरों को आवश्यक अभिलेखों के साथ शाम को पंचायत भवन बुलाया है।
ग्राम पंचायतों में प्रशासकों के कार्यकाल में विकास के नाम पर आनन-फानन खर्च की गई करोड़ों रुपये की धनराशि के मामले के जिला स्तर पर उजागर होने के बाद मुख्यमंत्री के निर्देश पर विशेष सचिव पंचायती राज शाहिद मंजर अब्बास रिजवी की अगुवाई में गठित पांच सदस्यीय टीम रविवार दोपहर तक मुरादाबाद पहुंच जाएगी।
पंचायतीराज मंत्री के जिले में शासन स्तर से गठित टीम के पहुंचने की सूचना से पंचायतीराज महकमे में हड़कंप है। सूत्र बताते हैं कि आरोपों से घिरे एडीओ पंचायत व ग्राम पंचायत सचिव शनिवार भी जांच टीम की आंच से बचने के लिए अभिलेख दुरुस्त करने में जुटे रहे।
जिला पंचायतराज अधिकारी आलोक कुमार प्रियदर्शी भी जांच के दौरान टीम को उपलब्ध कराई जानी वाली सूचनाओं को संकलित कराने में जुटे रहे। सूत्र बताते हैं कि फील्ड में जाने से पहले टीम महकमे व जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ पंचायत भवन में सायं बैठक कर अब तक हुई कार्रवाई, जांच व विकास कार्य के नाम पर खर्च धनराशि का ग्राम पंचायतवार ब्योरे आदि की जानकारी एकत्र करेगी।
पड़ताल में सहयोग के लिए टीम दूसरे जिले के अधिकारियों की भी मदद लेगी। इसके लिए मंडल के सभी एडीओ (पंचायत), खंड प्रेरक व कंप्यूटर ऑपरेटरों को भी मुरादाबाद स्थित पंचायत भवन में सायं चार बजे समीक्षा बैठक के लिए बुलाया गया है। इस संबंध में उपनिदेशक पंचायतीराज एसके सिंह ने जिला पंचायत राज अधिकारी मुरादाबाद, बिजनौर, संभल, अमरोहा एवं रामपुर को पत्र जारी कर संबंधित अधिकारियों की शतप्रतिशत बैठक में उपस्थित सुनिश्चित करने के निर्देश पत्र भेज कर दिए हैं। सूत्र बताते हैं कि मंडल के अन्य जिलों में भी इस तरह की कुछ गड़बड़ियां की गई हैं, इसके चलते महकमे में हड़कंप है।