मुरादाबाद। अवध असम एक्सप्रेस ट्रेन के जनरल कोच मंगलवार में फौजियों ने कब्जा कर लिया। सीटों पर बैठे यात्रियों को उठा दिया। उन्होंने विरोध किया तो उनके साथ मारपीट भी की। दिल्ली से लेकर मुरादाबाद तक ट्रेन मेें कई बार हंगामा हुआ। ट्रेन प्लेटफार्म एक पर रुकी तो जीआरपी मौके पर पहुंच गई, लेकिन यात्रियों को कोई मदद नहीं मिली। उलटा उन्हें ही डांट फटकार कर शांत कर दिया गया।
लालगढ़ से डिब्रूगढ़ जाने वाली अवध असम एक्सप्रेस ट्रेन (15910) मंगलवार सुबह सात बजे दिल्ली से रवाना हुई। यात्रियों ने बताया कि ट्रेन की जनरल बोगी में बहुत ज्यादा भीड़ थी। यहां से फौजी भी ट्रेन में चढ़े थे। मुसाफिरों का आरोप है कि फौजियों ने यात्रियों को जबरन सीटों से उठाना शुरू कर दिया और खुद बैठने लगे। कुछ यात्रियों ने इसका विरोध किया तो उनके साथ मारपीट की गई। दिल्ली, गाजियाबाद, हापुड़, अमरोहा में भी यात्रियों के साथ फौजियों ने अभद्रता की। हंगामा होने पर टीटीई स्टाफ ने इसकी जानकारी रेलवे कंट्रोल रूम में दे दी। मंगलवार दोपहर साढ़े 11 बजे ट्रेन मुरादाबाद रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म एक पर आकर रुकी। यहां यात्रियों ने हंगामा किया। सूचना मिलने पर जीआरपी मौके पर पहुंची। उन्होंने यात्रियों से पूछताछ की। छपरा निवासी विनोद मंडल और उनके साथ सफर कर रहे यात्रियों ने बताया कि उनके साथ फौजियों ने मारपीट की है। लेकिन जीआरपी ने उनकी कोई मदद नहीं की। उलटा डांट फटकार कर उन्हें ही शांत कर दिया। यात्रियों का कहना है कि रेलवे पुलिस ने उनसे कहा कि शांति से सफर करें। ज्यादा राजनीति न कीजिए। मदद न मिलने पर यात्री दूसरे डिब्बों में बैठ गए। इसके बाद ट्रेन आगे के लिए रवाना कर दी गई। जीआरपी इंस्पेक्टर पंकज ने बताया कि किसी यात्री ने कोई लिखित शिकायत नहीं की है। हंगामे की सूचना पर सिपाही मौके पर भेजे गए थे, लेकिन मामला शांत हो गया था।