ठाकुरद्वारा। गांव राजूपुर मिलक में सिंचाई विभाग की लापरवाही से 25 जनवरी को किसानों की लाखों रुपये की फसलें पानी में डूब कर नष्ट हो गई थीं। जिसकी शिकायत किसानों ने सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता और एसडीओ से की थी। जिस पर विभाग के जेई ने मौके पर जाकर जांच की थी। आरोप जांच में सही पाया था।
किसानों ने उन्हें बताया था कि सिंचाई विभाग ने नहर की पुलिया बनाने के लिए उसके पानी की निकासी के लिए डायवर्जन बनाया था जिसमें पानी को निकालने के लिए एक पाइप भी डाला गया था लेकिन पुलिया बनाने के बाद उसे बिना डायवर्जन और पाइप को हटाए पानी को तेजी से खोल दिया गया। जिससे नहर का पानी किसानों के खेतों में घुस गया। इससे उनमें खड़ी किसानों की फसलें नष्ट हो गई।
गांव के सहदेव सिंह यादव ने बताया कि सिंचाई विभाग ने नुकसान का कारण बने डायवर्जन को नहीं हटाया जिस पर उन्होंने स्वयं अपने खर्चे से डायवर्जन को हटाया है। अभी तक नष्ट हुई फसलों का मुआवजा भी किसानों को नहीं मिला है। उन्होंने किसानों को नष्ट की गई फसल का मुआवजा देने की मांग सिंचाई विभाग और प्रशासन से की है।