बकाया गन्ना पेमेंट और गन्ना मूल्य को लेकर सड़कों पर उतरे किसानों ने आज शहर को जाम कर दिया। अंबेडकर पार्क से पीलीकोठी होते हुए कमिश्नरी तक जुलूस लेकर पहुंचे और कमिश्नरी घेर ली। यहां हुई पंचायत में कहा गया है कि अगर फरवरी में पेमेंट नहीं होता है तो मार्च के पहले सप्ताह में ट्रेनों को रोका जाएगा।
बुधवार को मंडल भर से भाकियू (असली) से जुड़े किसान अंबेडकर पार्क में इकट्ठा हुए। जिले भर से किसान जुलूस लेकर पहुंचे थे। दोपहर को करीब दो बजे भाकियू ने अंबेडकर पार्क से जुलूस निकाला। जुलूस पीलीकोठी से जेल रोड होते हुए कमिश्नरी पर पहुंचा। यहां किसान कमिश्नरी को घेरकर बैठ गए और पंचायत शुरू कर दी।
यहां भाकियू के अध्यक्ष चौधरी हरपाल सिंह ने कहा कि आज किसानों का करोड़ों रुपया चीनी मिलों ने दबा रखा है। बार बार आंदोलन के बाद भी पेमेंट हो नहीं पा रहा है। सरकार भी कोई एक्शन नहीं ले रही है। बिजली बिल के बकाये में किसानों ने कनेक्शन काटे जा रहे हैं जबकि किसानों का करोड़ों रुपया चीनी मिलों पर बकाया है।
किसानों को फसलों का मुआवजा भी अभी तक नहीं मिल पाया है। जबकि सरकार बार बार भरोसा दिलाती है। यहां एलान किया गया कि अगर फरवरी में पेमेंट नहीं होता है तो मार्च में किसान जगह जगह ट्रेनों को रोककर आंदोलन करेंगे। भाकियू ने राष्ट्रपति को भेजे गए ज्ञापन में किसान आयोग की सिफारिशों को लागू कराने की मांग की है।
ज्ञापन में देश की सीमाओं पर शहीद होने वाले जवानों को एक करोड़ रुपया देने की मांग भी की गई। इस दौरान राष्ट्रीय महासचिव चौधरी महक सिंह, सैयद जावेद मोहम्मद, अशोक सिरोही, चौधरी वीरेंद्र सिंह, हुकुम सिंह, चौधरी यशपाल सिंह, चौधरी सुशील सिंह गुरेठा, राजपाल सिंह यादव, वीरेंद्र सिंह, समरपाल सिंह, वीर सिंह, संजू यादव, आसिफ रजा, सतेंद्र चौधरी के साथ तमाम किसान मौजूद रहे।