रामपुर। किसानों की आय बढ़ाने के लिए जिले में आठ तालाबों को तैयार कर उनमें मछली पालन कराया जाएगा। इसके लिए प्लान तैयार कर लिया गया है। जिला भूमि एवं जल संरक्षण समिति की कलेक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में भूमि संरक्षण अधिकारी नरेन्द्र पाल ने बताया कि भूमि संरक्षण इकाई द्वारा कुल तीन योजनाओं का संचालन जनपद में किया जा रहा है।
खेत तालाब योजना के तहत जनपद में 8 तालाबों का निर्माण किया गया है। जिलाधिकारी जोगिंदर सिंह ने निर्देश दिया कि इन तालाबों में जल संरक्षण के साथ-साथ मत्स्य पालन भी कराया जाए। जिससे कृषकों की आय में अतिरिक्त वृद्धि हो सकेगी। भूमि संरक्षण अधिकारी ने बताया कि जनपद में पंडित दीन दयाल किसान समृद्धि योजना संचालित है, जिसके तहत कुल सात परियोजनाओं में भूमि समतलीकरण, कंटूर बॉध, मार्जिनल बॉध, श्यूट स्पिलवे एवं फसलोत्पादन के कार्य किए गए हैं। जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि समस्त कार्यों को पूर्ण गुणवत्ता के साथ कराया जाए। भूमि संरक्षण अधिकारी के अनुसार प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना वाटरशेड विकास घटक 2.0 संचालित है, जिसके तहत विकास खंड स्वार में वाटरशेड का चयन भारत सरकार द्वारा किया गया है। इस योजना के तहत प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन के तहत पेरीफेरल बॉध, मार्जिनल बॉध तालाब निर्माण जीर्णोद्धार, चैकडैम, ड्रॉप स्पिलवे, कृषि वानिकी के कार्य, उत्पादन प्रणाली के तहत कृषि वानिकी, बागवानी, पशुपालन, बकरी पालन एवं मधुमक्खी पालन के कार्य तथा आजीविका संबर्धन के तहत स्वयं सहायता समूह के माध्यम से मिनी दाल मिल डेयरी पालन, बकरी पालन, स्थानीय छोटी दुकान, टेंट हाऊस, ऑयल एक्स्पेलर मधुमक्खी पालन व सिलाई, कढ़ाई आदि के कार्य कराए जायेगें। जिलाधिकारी ने सीडीओ को योजनाओं में कार्य मानक के अनुसार गुणवत्तापूर्ण तरीके से कराने और जल व भूमि संरक्षण के संबंध में अधिक से अधिक कृषकों को जागरूक करने के निर्देश दिए। इस मौके पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अभिनव जे जैन समेत अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।