बच्चा चोरी की अफवाहों की शिकार उन्मादी भीड़ ने मंगलवार रात एक अधेड़ को पीट-पीटकर मार डाला। अधेड़ का शव संभल जिले के रजपुरा थाना क्षेत्र में महावा नदी के पुल के नीचे पड़ा मिला है।
वायरल वीडियो से अनुमान है कि गांव में पिटाई के बाद भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने अधेड़ को जंगल में लाकर पुल से नीचे फेंक दिया। बुधवार सुबह पुल के नीचे शव मिलने के बाद रजपुरा पुलिस ने शुरू में इसे हादसा ठहराने की कोशिश की लेकिन मॉब लिंचिंग का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने कुछ लोगों को पूछताछ के लिए उठा लिया है।
एसओ रजपुरा ने दावा किया है कि घटना उनके पड़ोस में स्थित अमरोहा के आदमपुर थाना इलाके के गांव देहरी खादर में हुई है और मारने के बाद भीड़ अधेड़ का उनके क्षेत्र में फेंक गई। एसओ ने वायरल वीडियो में दिख रहे 10 लोगों की शिनाख्त कर लेने का भी दावा किया है। शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
एसपी संभल ने इसे हत्या का मामला तो माना लेकिन मॉब लिंचिंग मानने से इंकार कर दिया है। बच्चा चोरी की अफवाहों पर सख्ती से नियंत्रण लगाने के लिए आईजी रमित शर्मा ने बुधवार रात उच्च स्तरीय बैठक बुलाई। आईजी ने अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
रजपुरा पुलिस के मुताबिक वारदात मंगलवार रात करीब 12 बजे आदमपुर थाना क्षेत्र के गांव देहरी खादर में हुई। देहरी में गांव के बाहर स्थित एक किसान के घर से पांच साल का बच्चा चोरी होने का शोर मचा और भीड़ इकट्ठा हो गई। रजपुरा एसओ की मौजूदगी में देहरी खादर के प्रधान निरंजन सिंह ने बताया कि किसान का बच्चा घर पर ही मिला और उस समय शोर भी शांत हो गया।
लेकिन थोड़ी देर बाद शोर मचा कि बच्चा उठाने की कोशिश करने वाला संदिग्ध एक लंबी दाढ़ी वाला बाबा जैसा व्यक्ति गांव के बाहर जंगल में सड़क पर खड़ा है। प्रधान के मुताबिक इस पर भीड़ मौके पर पहुंची और वहां खड़े 45 वर्षीय अधेड़ की पिटाई शुरू कर दी। घटना से संबंधित बताया जा रहा जो वीडियो वायरल हुआ है उसमें भीड़ इस व्यक्ति को बच्चा चोर बताकर पीटते हुए सड़क पर घसीटती दिख रही है।