मुरादाबाद। राज्य कर भवन रामगंगा विहार में जोनल टैक्स बार एसोसिएशन पंजीकृत मुरादाबाद की कार्यकारिणी की बैठक में जीएसटी पर हुए बदलावों पर चर्चा की गई। पदाधिकारियों ने जीएसटी कर में कमी या कुछ वस्तुओं पर बढ़ोतरी पर विचार करने के लिए अलग से भी बैठक करने को कहा।
अध्यक्ष राकेश कुमार शर्मा ने कहा कि जो व्यापारी समाधान योजना के अंतर्गत व्यापार कर रहे हैं, वह लोग जब माल खरीदते हैं तो आईटीसी का कोई लाभ नहीं लेते हैं। इसलिए उनके माल की कीमत टैक्स को जोड़कर होती है। उन्हें समाधान में बिक्री की एक फीसदी धनराशि टैक्स के रूप में जमा करनी होती है। ऐसे में जीएसटी की कम हुई दरों का लाभ आम जनमानस तक पहुंचाने में उन्हें दिक्कत आ रही है। इसके लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश होने चाहिए। सचिव दीपक अग्रवाल ने कहा कि मुरादाबाद की इंडस्ट्री निर्माता इंडस्ट्री है। यहां पर बने पीतल या अन्य धातुओं के हैंडीक्राफ्ट पर सरकार ने पांच फीसदी की दर निर्धारित की है, जबकि माल तैयार होने पर पहले मंगवाए जाने वाला रॉ मैटेरियल 18 फीसदी पर मिलता है। ऐसे में मुरादाबाद के उद्यमियों के सामने भी चुनौती है कि उनकी धनराशि जीएसटी में फंसी रहेगी। अब उद्यमियों को एलयूटी पर निर्यात करना होगा। इससे निर्यातकों को अपना पैसा रिफंड लेने के लिए विभाग के चक्कर लगाने पड़ेंगे।
कार्यकारिणी सदस्यों को दिलवाई शपथ
कार्यक्रम में दो कार्यकारिणी सदस्य मनीष अग्रवाल एडवोकेट एवं अंज़ार हुसैन एडवोकेट को अध्यक्ष राकेश कुमार द्वारा शपथ करवाई गई। इसके अलावा चार नए सदस्यों को सदस्यता प्रदान की गई। दीपक अग्रवाल ने सदस्यों को बताया गया कि आने वाले 4 से 6 नवंबर को हरिद्वार में उत्तर प्रदेश कर अधिवक्ता संगठन लखनऊ का चुनाव होने जा रहा है, जिसमे राजदीप गोयल एडवोकेट को संयुक्त सचिव पद पर और आशीष कपूर एडवोकेट को कार्यकारिणी सदस्य पद का प्रत्याशी घोषित किया गया है। सभी सदस्यों ने दोनों प्रत्याशियों को पूर्ण समर्थन दिया। इस दौरान सय्यद अशरफ अली, संजीव बिहारी भटनागर, सय्यद आरिफ अली, कोषाध्यक्ष दीपक अग्रवाल, विचित्र शर्मा, अनुज गुप्ता एडवोकेट आदि मौजूद रहे।