इसी दौरान वहां एक किशोरी पहुंची। उसने रोते हुए पुलिसकर्मियों से उसकी मम्मी को बचाने की गुहार लगाई। किशोरी ने बताया मेरा सौतेला पिता मोतीराम मम्मी को पीट रहा है। पुलिसकर्मियों ने घरेलू विवाद होने की बात कहकर उसे शांत कराया और टालने की कोशिश की। तब किशोरी ने अपने पिता की करतूत खोलते हुए बताया कि मेरे पिता को आप नहीं जानते हैं। उन्होंने एक सप्ताह पहले ही बिलारी में एक महिला का मर्डर किया था। इस मर्डर में मेरे पिता के साथी भी शामिल थे।
थाना प्रभारी और अन्य पुलिसकर्मियों को माथा ठनका। उन्होंने तुरंत बिलारी पुलिस से संपर्क किया और मर्डर के बारे में जानकारी की। तब पता चला कि बिलारी में एक महिला की हत्या हुई है। मृतका की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। कुछ देर बाद किशोरी की मां थाने पहुंच गई। वह भी घरेलू विवाद होने की बात कहकर बेटी को घर ले गई। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने मां-बेटी का पीछा किया और भदौड़ा स्थित एक मकान से मोतीराम को पकड़ कर थाने ले गई।
पुलिस ने आरोपी से पूछताछ की तो उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया। आरोपी ने बताया कि उसने अपने साथी मुनेश, रवि और मोसेरे भाई दयाराम उर्फ दहिया के साथ मिलकर पहले महिला से दुष्कर्म किया इसके बाद गला घोंटकर उसकी हत्या की थी। इसके बाद ईंट से उसका सिर कुचलकर लाश जंगल में फेंककर सभी मौके से भाग गए थे।
सामूहिक दुष्कर्म के बाद की गई थी महिला की हत्या
हत्यारोपी मोतीराम ने पुलिस पूछताछ में बताया कि वह मूलरूप से हजरतनगर गढ़ी थानाक्षेत्र के सिरसी सादा गांव निवासी है। वर्तमान में वह परिवार के साथ कटघर के भदौड़ा में रहता है। दूसरा आरोपी मुनेश कटघर के उंचागांव उर्फ रुस्तमपुर बढमार निवासी है। जबकि तीसरा आरोपी रवि निवासी नगलिया मूंढापांडे है। तीनों आपस में दोस्त हैं। बिजनौर निवासी एक महिला से तीनों की जान पहचान थी। इस महिला के साथ मोतीराम के प्रेम संबंध हो गए थे। वो मोतीराम पर शादी के लिए दबाव बना रही थी। 31 मई को तीनों ने साजिश रची कि वह महिला को बिलारी के तेवर खास गांव में मोतीराम के मौसेरे भाई दयाराम उर्फ दहिया के घर ले जाएंगे। महिला जाने को तैयार हो गई थी।
वहां दयाराम ने भी महिला के साथ छेड़खानी शुरू की। इससे महिला नाराज हो गई। उसने पुलिस से शिकायत करने की धमकी दी। बताया जा रहा है कि महिला भी नशे की हालत में थी। आरोपियों ने महिला की गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद उसकी लाश दयाराम उर्फ दहिया के मकान के पीछे गन्ने के खेत में फेंक दी थी।
पति को छोड़कर कोलकाता से आ गई थी महिला
बिजनौर निवासी महिला की शादी कोलकाता में रहने वाले युवक के साथ हुई थी, जिससे महिला को एक बेटा भी हुआ। पुलिस का दावा है कि आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि महिला भी शराब पीने की आदी थी, जिस कारण पति से विवाद हो गया था। इसके बाद वह पति को छोड़कर बिजनौर आ गई थी। इसके बाद वह मुरादाबाद आने लगी। यहां उसकी दोस्ती, मोतीराम, मुनेश और रवि से हो गई थी। वह बीच-बीच में तीनों के घर आती रहती थी।
मोतीराम ने पहली पत्नी की भी की थी हत्या
थाना प्रभारी आरपी शर्मा ने बताया कि मोतीराम ने 2009 में अपनी पहली पत्नी की भी हत्या की थी। इस मामले में उसके खिलाफ मैनाठेर थाने में दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ था। इस मामले में वह जेल भी भेजा गया था। जमानत पर जेल से बाहर आया था। इसके बाद आरोपी ने कटघर क्षेत्र में दूसरी महिला से शादी कर ली थी। आरोपी ने इस पर 2015 में जानलेवा हमला किया था। आरोपी ने महिला को गोली मार दी थी। इसके अलावा भी आरोपी के खिलाफ कटघर, बनियाठेर, बिलारी और अन्य थानों में मुकदमे दर्ज हैं।
चंद कदमों की दूरी पर था हत्यारोपी, बिलारी पुलिस नहीं पकड़ पाई
बिलारी थानाक्षेत्र के तेवर खास गांव में तीन जून को जिस जगह महिला का शव मिला था, वहां से चंद कदमों की दूसरी पर दयाराम उर्फ दहिया मौजूद था। लाश मिलने पर अन्य लोगों के साथ ही दयाराम भी मौके पर पहुंचा था। बावजूद इसके पुलिस ने न तो मृतका की पहचान कराई और न ही कातिल तक पहुंच पाई थी। कटघर पुलिस इस मामले में नहीं जुटती तो इस ब्लाइंड मर्डर का खुलासा नहीं हो पाता।