एक बाद विवाद होने पर लंबे समय की दूरी यूंही नहीं मिट जाएगी। जीवनसाथी का उम्र भर के लिए दोबारा हाथ थामना है तो दोनाें को एक माह तक साथ शांतिपूर्वक रहना होगा। उनके बीच झगड़े नहीं होने चाहिए, ऐसी स्थिति में दंपती का समझौता नामा पुलिस द्वारा स्वीकार किया जाएगा।
एसएसपी के पास समझौतानामा लेकर कई दंपती पहुंच रहे हैं। परिवार परामर्श केंद्र में शिकायत जाने पर ज्यादातर मामलों में समझौता कराने में पुलिस को सफलता मिल रही है। इसके बारे में जानकारी देने के लिए दंपती एसएसपी कार्यालय पहुंच रहे हैं। युवतियों ने बताया कि शादी के बाद वह ससुराल में रहने के लिए गई तो वहां पर उन्हें परेशान किया गया। पति ने मारपीट की। इसके बाद युवती को ससुराल से निकाल दिया गया। वह मायके में रहने आ गईं। परिवार वालों को जानकारी लगी तो उन्होंने ससुराल वालों की मान मनौव्वल की लेकिन वह नहीं माने। इसके बाद युवती ने आरोपी पति और ससुराल वालों के खिलाफ एसएसपी से शिकायत की। मामले की जांच परिवार परामर्श केंद्र को दी गई। दोनाें पक्षों को काउंसलिंग के लिए आने को कहा गया था। करीब एक माह तक काउंसलिंग हुई, जिसके बाद कई दंपती दोबारा साथ रहने के लिए राजी हो गए। युवती अपनी शिकायत वापस लेने को राजी हो गई और ससुराल जाने के लिए तैयार हो गई हैं। शपथ पत्र पर समझौता नामा लिखकर वह एसएसपी कार्यालय पहुंचकर समझौते की जानकारी दे रहे हैं। युवतियों का कहना कि वह पति और ससुराल वालों के खिलाफ कार्रवाई नहीं चाहती है। एसएसपी ने पूछा कि वर्तमान में दंपती कहां पर रह रहे हैं तो ज्यादातर दंपती ने बताया कि वह अलग अलग रह रहे हैं। एसएसपी ने उनसे कहा कि दोनों के बीच विवाद ससुराल में रहने के दौरान हुआ था, मुमकिन है कि दोबारा ससुराल पहुंचने पर विवाद हो। ऐसे में दोबारा शिकायत के लिए युवती को मजबूर होना पडे़गा। इसलिए अभी आरोपी पति की बातों पर विश्वास नहीं किया जाता है। युवती को पति के साथ ससुराल जाकर वहां पर एक महीना रहने के लिए कहा गया। उन्होंने कहा कि अगर ससुराल में उसे कोई दिक्कत नहीं हुई तो समझौता नामा स्वीकार किया जाएगा।