बिलारी। होली के अवकाश के दौरान तहसील परिसर में वकीलों के चेंबरों के पास खड़े पिलखन के पेड़ की दो टहनियों के काटे जाने के मामले की शिकायत एसडीएम से की गई। इसके बाद एसडीएम और तहसीलदार ने मौके पर जाकर कटी टहनियों की जांच की। उधर, तहसील बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी की बैठक में इस प्रकरण में जांच कराकर कार्रवाई की मांग की गई।
तहसील बिलारी के राजस्व नामिका वकील सौरभ चौधरी के चेंबर के पास खड़े पिलखन के पेड़ की टहनियां उनके चेंबर की छत तक आ जाने की वजह से गर्मी के मौसम में चेंबर पर ठंड बनी रहती है। इस पिलखन के पेड़ की एक जड़ दूसरे अधिवक्ता के चेंबर के निकट होना बताई जा रही है। होली के अवकाश के बाद बृहस्पतिवार सुबह जब सौरभ चौधरी अपने चेंबर पर आए और चेंबर की छत पर आने वाली पिलखन के पेड़ की टहनी कटी देखी तब उन्होंने सीधे एसडीएम विनय कुमार सिंह से शिकायत करते हुए तहसील के ही एक अधिवक्ता पर नियम विरुद्ध तरीके से पेड़ की टहनी काटने का आरोप लगाया।
अधिवक्ता सौरभ सिंह की शिकायत पर तत्काल तहसील बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी की आपात बैठक बार एसोसिएशन के संरक्षक रामकुंवर सिंह यादव एडवोकेट के चेंबर पर बुलाई गई। बैठक में सभी बार पदाधिकारियों ने पेड़ की टहनी काटने वाले अधिवक्ता के रवैये पर नाराजगी जताई। बैठक के बाद बार के सभी पदाधिकारी एसडीएम से मिले और इस प्रकरण में जांच की मांग उठाई। बार पदाधिकारियों की मांग पर एसडीएम विनय कुमार सिंह और तहसीलदार अंकित गिरि मौके पर जांच करने पहुंचे। एसडीएम ने इस संबंध में बताया कि तहसीलदार को निर्देश दिए गए हैं कि वह जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई के लिए वन क्षेत्राधिकारी बिलारी को पत्र भेजें और जरूरत के अनुसार विधिक कार्रवाई कराना सुनिश्चित करें।