मुरादाबाद। पंचायत चुनाव लड़ रहे प्रत्याशियों के लिए नामांकन फार्म के साथ ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत, जिला पंचायत का नो ड्यूज प्रमाण पत्र लगाना जरूरी है, लेकिन इस प्रमाण पत्र को बनवाने में प्रत्याशियों के पसीने छूट रहे हैं। जिले में 643 ग्राम पंचायतों का कार्यभार केवल 100 पंचायत सचिवों पर हैं। यानी एक-एक सचिव के पास कई ग्राम पंचायतें हैं। प्रत्याशियों की समस्या देख पंचायत सचिवों को ब्लॉक कार्यालयों में ही मौजूद रहने के दावे अधिकारी कर रहे हैं, लेकिन सचिव ब्लॉक कार्यालयों पर भी नहीं मिल रहे हैं। अमर उजाला ने रविवार को इसकी पड़ताल की तो हकीकत सामने आई।
रविवार को जिले के अधिकांश ब्लॉक कार्यालय नामांकन फार्म की बिक्री के लिए खोले गए थे, लेकिन सदर ब्लॉक कार्यालय में नो ड्यूज प्रमाण पत्र बनना तो दूर एक बजे तक कार्यालय भी नहीं खुला था। यहां पंचायत सचिव या कर्मचारी नहीं था। कार्यालय के मुख्य द्वार बंद थे। एक छोटा गेट खुला था, लेकिन अंदर परिसर में नामांकन फार्म मिलने वाले कक्ष बंद थे। यहां नामांकन लेने आ रहे लोग लौट रहे थे। ज्ञानपुर सिंकरदपुर निवासी प्रदीप, राजेंद्र कमरे बंद देख लौट गए । इस संबंध में उपजिला निर्वाचन अधिकारी एडीएम फाइनेंस से बात की गई तो उन्होंने बताया कि कई जगह ब्लॉक कार्यालय खुले हैं। उन्होंने कहा कि वे इस संबंध में ब्लॉक अफसरों से बात करेंगी। हालांकि दोपहर बाद यहां से 21 नामांकन फार्म बिकने का दावा किया गया। यहां से भी पंचायत सचिव नदारद थे।
बिलारी में 16 में से दो ही सचिव पहुंचे
बिलारी ब्लॉक क्षेत्र की 98 ग्राम पंचायतों पर केवल 16 ग्राम पंचायत सचिव तैनात हैं। एक-एक सचिव के पास कई ग्राम पंचायतें हैं, इसलिए प्रत्याशी नो ड्यूज बनवाने के लिए उन्हें तलाश रहे हैं। रविवार को केवल दो ही पंचायत सचिव आए थे। इस संबंध में एडीओ पंचायत राजीव सक्सेना ने बताया कि पंचायत सचिव धनेंद्र, कौसर मोहम्मद, फैजान, फिरोज आलम, भूपेंद्र सिंह, ,संदीप चौधरी, संजीव कुमार, चंद्रप्रकाश, जयपाल सिंह, जबर सिंह, नीरज कुमार, नरेश कुमार, लखपत सिंह ब्लॉक कार्यालय नहीं आए । इनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है।
ठाकुरद्वारा में सिर्फ तीन सचिव
ठाकुरद्वारा। ठाकुरद्वारा ब्लॉक में केवल तीन ग्राम पंचायत सचिव ही अपने कार्यालयों पर नजर मिले। बताया कि वह नो ड्यूज बना रहे हैं। वहां मौजूद सिंचाई विभाग के जेई निर्मल सिंह ने बताया कि ब्लॉक पर तीन पंचायत सचिव हैं बाकी वोटर लिस्ट की फीडिंग के लिए मुरादाबाद गए हुए हैं। बताया कि क्षेत्र पंचायत के लिए 109 ने ड्यूज प्रमाण पत्र बनाए गए हैं।
मूंढापांडे से भी मिली मायूसी
मूंढापांडे ब्लॉक में भी अधिकांश पंचायत सचिव नजर नहीं आए । हालांकि यहां नामांकन फार्म तो बिके, लेकिन नो ड्यूज प्रमाण पत्र बनवाने को प्रत्याशी परेशान नजर आए। एडीओ सीपी सिंह ने बताया कि रविवार को 10 लोगों के नो ड्यूज बने हैं। रविवार की वजह से कम ही लोग आए थे। इस कारण नामांकन फार्म भी अन्य दिनों की तुलना में कम बिके।
भगतपुर टांडा में भी सचिव नहीं दिखे
भोजपुर। भगतपुर टांडा ब्लॉक में प्रत्याशी नामांकन के साथ नो ड्यूज प्रमाण पत्र भी लेने गए, लेकिन सचिव नहीं मिले। ब्लॉक कार्यालय के गेट के बाहर कई लोग प्रत्याशियों के नामांकन आदि भरवाने के लिए बस्ता लगाकर बैठे थे जो एक निर्धारित शुल्क लेकर लोगों का नामांकन फार्म भरवाने आदि में मदद करते हैं।
कोरोना संक्रमण के कारण भीड़ से बचने और प्रत्याशियों की सुविधा के लिए सामान्य दिनों में भी ब्लॉक कार्यालयों में नामांकन देने को कहा गया है। प्रत्याशियों की सुविधा के लिए पंचायत सचिवों को संबंधित ब्लॉक कार्यालयों में उपस्थित रहकर नो ड्यूज प्रमाण पत्र बनवाने की व्यवस्था बनाई जा रही है। इसका सख्ती से पालन कराया जाएगा ताकी प्रत्याशियों को परेशानी न हो।
प्रीति जायसवाल , उप जिला निर्वाचन अधिकारी