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यतीमखाना प्रकरण में दर्ज दो मुकदमों में आजम खां को मिली जमानत

Tue, 17 Mar 2020 07:07 PM IST
Mohit Mudgal अमर उजाला नेटवर्क, रामपुर
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आजम खां - फोटो : amar ujala
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यतीमखाना प्रकरण में सांसद आजम खां समेत अन्य लोगों के खिलाफ दर्ज किए गए मुकदमों में से दो मुकदमों में आजम खां को जमानत मिल गई है। मामले की सुनवाई करते हुए प्रभारी एडीजी-6 ने अधिवक्ताओं द्वारा रखे गए पक्षों को सुना। मामले में आजम खां के वकील खलील उल्लाह खां ने बताया कि यतीमखाना प्रकरण में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 531 और 533 में सुनवाई हुई। जिसमें आईपीसी की धारा 120बी, घर में घुसकर मारपीट करने, डकैती व सामान ले जाने आदि के आरोप थे। सुनवाई के बाद इन मुकदमों में आजम खां की जमानत मंजूर कर दी गई है।

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रामपुर पब्लिक की स्कूल की मान्यता में भी पाई गई कई गड़बड़ियां
आजम खां की अध्यक्षता वाली जौहर ट्रस्ट ने यतीमखाना स्थित रामपुर पब्लिक स्कूल की मान्यता लेने में कई गड़बड़ियां पाई गई थी। इसके लिए अग्निशमन विभाग की जो एनओसी लगाई गई है, वह तहसील के पास स्थित रामपुर पब्लिक स्कूल की है। यही नहीं जमीन के उपयोग के लिए वक्फ का कोई स्पष्ट आदेश नहीं है। इस मामले में जिलाधिकारी ने बीएसए को एफआईआर कराने और दोषियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने के आदेश दे दिए गए हैं।

सांसद आजम खां ने सपा सरकार में रामपुर पब्लिक स्कूल (आरपीएस) की शुरुआत की थी, जिसकी एक शाखा यतीमखाना में वक्फ की जमीन पर निर्माणाधीन है। इसकी मान्यता पहले ही ले गई थी। जिलाधिकारी आन्जनेय कुमार सिंह को शिकायत मिली थी कि यतीमखाना स्थित जमीन पर बने रामपुर पब्लिक स्कूल के भवन समेत विभिन्न विभागों से मिले अनापत्ति प्रमाण पत्र फर्जी लगाए थे। 
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इसके बाद जिलाधिकारी ने जांच के लिए कमेटी का गठन कर दिया, जिसमें तहसीलदार सदर, खंड शिक्षाधिकारी शाहबाद एवं जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान के प्रवक्ता को शामिल किया गया था। जांच के सामने आया कि जहां स्कूल बना है वह जमीन वक्फ की है, लेकिन वक्फ ने सिर्फ निर्माण की अनुमति दी थी। वहां क्या बनाया जाना है इसकी कोई जानकारी नहीं दी गई है। 

इसके साथ ही स्कूल की मान्यता लेने के लिए जो अग्निशमन विभाग का अनापत्ति प्रमाण पत्र लगाया है, वह तहसील के पास स्थित रामपुर पब्लिक स्कूल का है। जिलाधिकारी ने इस मामले जिला बेसिक शिक्षाधिकारी को एफआईआर दर्ज कराने एवं इसमें शामिल सभी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

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