नामांकन से पहले संबोधित करते हुए आजम खां
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सपा-बसपा गठबंधन उम्मीदवार मोहम्मद आजम खां ने कहा कि मुल्क की सबसे बढ़ी गद्दी पर बैठा शख्स यह चाहता है कि यह आवाज हिन्दुस्तान की सबसे बड़ी गद्दी तक न पहुंचे।
इन दो वर्षों की लखनऊ और दिल्ली की सरकार ने अपने जहरीले दांत मेरे जिस्म में गड़ाकर मेरे जिस्म से मेरा खून पिया है। मेरी हालत देखो मैं तुम्हारे सामने जिंदा हूं, यह मेरी हिम्मत है।
नामांकन दाखिल करने से पहले आजम खां ने किला मैदान में रैली को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि एक तरफ बापू को मानने वाले लोग हैं और एक तरफ गोडसे को मानने वाले लोग हैं।
इस समय इन लोगों की कोशिश है कि रामपुर का इलेक्शन काउंटर गाइड हो जाए और आजम खां की जुबान से कुछ ऐसा निकलवा दिया जाए कि वह चुनाव न लड़ सकें। प्रशासनिक अफसरों पर हमला करते हुए कहा कि राक्षसों यह क्या कर दिया।
तमाम फोर्स लगा दी और रास्ते में पुलिस की गाड़ी लगा दी, ताकि आधे से ज्यादा लोग यहां न आ सकें। सैकड़ों मुकदमे सैकड़ों जांचे, हर रात यह धड़कन रहती है कि न जाने रात में दीवारों से कूद कर कौन सी फोर्स आ जाएगी और सुबह होते ही पता नहीं यह जिस्म घर मे जिंदा दाखिल होगा या नहीं।