मुरादाबाद। छजलैट के 12 साल पुराने हाईवे जाम और बवाल मामले में रामपुर के सांसद और सपा सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे आजम खां और उनके बेटे पूर्व विधायक अब्दुल्ला आजम की शुक्रवार दोपहर एडीजे दो, एमएलए एमपी स्पेशल न्यायाधीश अनिल कुमार वशिष्ठ की अदालत में पेशी हुई। दोनों आरोपियों को कड़ी सुरक्षा में सीतापुर जेल से लाया गया। इस दौरान कचहरी और कोर्ट परिसर भी छावनी में तब्दील रहे। एक घंटे से ज्यादा समय तक कोर्ट में तीन मामलों में सुनवाई हुई। इस दौरान आजम और उनके बेटे कोर्ट हिरासत में रखे गए। अदालत ने सुनवाई करते हुए पिता-पुत्र को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है। अब एक मामले की सुनवाई छह अगस्त और दूसरे मामले की सुनवाई चौबीस अगस्त को होगी, जबकि आजम खान से जुड़े तीसरे मामले में विवेचक को तलब किया गया है। इस मामले में आजम खां के खिलाफ अभिनेत्री और पूर्व सांसद जया प्रदा पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप है।
छजलैट थाने के सामने 29 जनवरी 2008 को सांसद आजम खां की गाड़ी रोक कर पुलिस ने चेकिंग की थी। चेकिंग के विरोध में आजम खां सड़क पर बैठ गए थे और हंगामा किया था। आस पड़ोस के जनपदों से भी सपा नेता उनके समर्थक में आ गए थे। इस मामले में आजम खां, उनके बेटे अब्दुल्ला आजम समेत नौ लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया था। इस केस की सुनवाई एडीजे दो, एमएलए एमपी कोर्ट के विशेष न्यायाधीश अनिल कुमार वशिष्ठ की अदालत में चल रही है। आजम खां और उनके बेटे सीतापुर जेल में बंद हैं। अदालत ने आरोपी पिता-पुत्र को इस मामले में तलब किया गया था। शुक्रवार को इस मामले में पेशी हुई। आजम खान की पेशी की जानकारी मिलते ही यहां पुलिस प्रशासन अलर्ट हो गया था। सुबह से ही कोर्ट परिसर और कचहरी में पुलिस बल तैनात कर दिया गया। शुक्रवार दोपहर बारह बजकर दस मिनट पर पुलिस दोनों को अदालत में लेकर कर पहुंची। छजलैट थाने के दो केसों में सुनवाई हुई।
सरकार की ओर से डीजीसी नितिन गुप्ता एवं एडीजीसी मुनीष भटनागर ने पक्ष रखा और आजम खां और उनके बेटे की जमानत का विरोध किया। कहा लगातार नोटिस जारी होने के बाद भी आरोपी अदालत में हाजिर नहीं हुए। इस मामले में दोनों को जेल भेजा जाए। बचाव पक्ष के अधिवक्ता शाहनवाज ने तर्क रखा कि उन्हें जानकारी नहीं थी कि केस इलाहाबाद हाईकोर्ट से ट्रांसफर होकर यहां आ गया है। अदालत ने दोनों मामलों में सुनवाई की। अदालत ने गैर जमानती वारंट को निरस्त कर दिया और उन्हें जेल भेजने का आदेश सुनाया। एक मामले की अगली तारीख छह अगस्त मुकर्रर की है, जबकि दूसरे मामले की तारीख चौबीस अगस्त रहेगी। जबकि पूर्व सांसद जया प्रदा पर आपत्तिजनक टिप्पणी मामले में केस के विवेचक को छह अगस्त को तलब किया है। अदालत ने सीतापुर जेल के जेलर को भी इस संबंधित वारंट जारी किया है। इसके बाद दोनों आरोपियों को सुरक्षा घेराबंदी बनाकर पुलिस वाहन तक लेकर आई। यहां से दोनों को सीतापुर जेल के लिए रवाना कर किया गया है।
- रामपुर के सांसद आजम खां और उनके बेटे की छजलैट के बारह साल पुराने मामले में पेशी थी। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस बल तैनात कर दिया गया था। पेशी होने के बाद उन्हें वापस सीतापुर जेल भिजवा दिया गया है।
- अमित आनंद पुलिस अधीक्षक नगर
- आजम खां और उनके बेटे के खिलाफ छजलैट थाने में 29 जनवरी 2008 में केस दर्ज किया गया था। इस मामले की सुनवाई एडीजे दो की अदालत में चल रही थी। बार-बार नोटिस जारी करने के बाद भी आरोपी अदालत में हाजिर नहीं हो रहे थे। कोर्ट के आदेश की अवहेलना का भी एक केस छजलैट थाने में दर्ज किया गया था। दोनों केसों में सुनवाई की गई। तीसरे मामले में विवेचक को तलब किया गया है।
- मुनीष भटनागर, एडीजीसी।
- शुक्रवार को एडीजे, एमएलए स्पेशल कोर्ट में आजम खां और उनके बेटे को पेश किया गया है। दोनों को कस्टडी में ले लिया गया है। अब इस मामले में बेल के लिए अर्जी दाखिल करेंगे। तीसरा केस थाना कटघर से संबंधित है। इस मामले में विवेचक को तलब किया गया है।
- शाहनावाज, बचाव पक्ष के अधिवक्ता।