मुरादाबाद। भाकियू (टिकैत) ने शनिवार को बिजली कटौती सहित अन्य मांगों के समाधान के लिए कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। आरोप लगाया कि बिजली कटौती के कारण किसानों की फसलें सूख रही हैं। उन्होंने बिजली विभाग से कटौती शीघ्र बंद करने की मांग की है।
भाकियू (टिकैत) के पदाधिकारियों ने जिलाध्यक्ष घनेंद्र शर्मा के नेतृत्व में अपनी मांगों के समाधान के लिए शनिवार की सुबह आंबेडकर पार्क में पंचायत की। इसके बाद किसान नेताओं ने कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन कर 11 सूत्री मांगों को लेकर एडीएम सिटी को ज्ञापन सौंपा। किसानों का कहना था कि खाद समितियों और जिला सहकारी बैंकों में सात प्रतिशत ब्याज पर किसान क्रेडिट कार्ड रिन्यूअल किए जा रहे हैं, जो गलत है।
पहले ही तरह ब्याज तीन प्रतिशत से अधिक नहीं होना चाहिए। जिले में छुट्टा पशु घूम रहे हैं, उनको शीघ्र प्रशासन को पकड़वाना चाहिए। जिले के कांठ क्षेत्र और मुरादाबाद पश्चिम में तेंदुए का आतंक है। वन विभाग को प्रत्येक गांव के पास तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाना चाहिए। जिले की चीनी मिलों से शीघ्र किसानों के गन्ने का भुगतान कराना आवश्यक है।
किसानों का कहना है कि जिले की बेलवाड़ा और बिलारी चीनी मिलों पर 70 करोड़ का बकाया है। बिजली विभाग की विजिलेंस टीम और विद्युत अधिकारी ग्रामीण क्षेत्रों में गलत ढंग से छापा मार रहे हैं। इससे किसानों और उपभोक्ताओं का शोषण हो रहा है। गांव में स्मार्ट मीटर नहीं लगाया जाना चाहिए। जलालपुर बिजली घर से वाकीपुर तक विद्युत तार जर्जर है, उसे शीघ्र बदला जाना चाहिए।
एयरपोर्ट के पास की जमीनों का सर्किल रेट बढ़ाने की मांग
भाकियू ने एयरपोर्ट के आसपास मूंढापांडे, टहानायक, भदासना, नियामतपुर इकटौरिया, सिरसखेड़ा, हसनगंज के राजस्व गांवों का डीएम से सर्किल रेट बढ़ाने की मांग की है। एनएचआई 734 भगतपुर रतन, अक्करपुर रोड पर अंडरपास बनाना आवश्यक है। ग्राम गुरैठा और पाकबड़ा के श्मशान के रास्ते पर कूड़े से ढेर पड़े हैं। यहां शीघ्र सफाई व्यवस्था होनी चाहिए। प्रदर्शन में राष्ट्रीय सचिव डॉ. नौ सिंह, प्रदेश उपाध्यक्ष ऋषिपाल सिंह, वीर सिंह, हरदीप सिंह, आशू बालियान, राधेश्याम, दीपक चौधरी आदि मौजूद रहे।