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उधार की रकम के बदले मेंथ तेल न देने से झुब्ध किसान ने की आत्महत्या, परिजनों ने लगाया जाम

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पटवाई (रामपुर)। कर्ज के बदले मेंथा तेल रोकने से क्षुब्ध किसान ने शुक्रवार को जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया। उपचार के लिए ले जाते समय किसान की मौत हो गई। परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने एक व्यक्ति के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली है। लेकिन, शनिवार को परिजनों ने पुलिस पर सभी आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज न करने का आरोप लगाते हुए पटवाई में जाम लगाकर हंगामा कर दिया। करीब दो घंटे तक जाम लगा रहा। पुलिस ने पहले समझाने की कोशिश की। ग्रामीणों के न माने पर लाठी फटकार कर जाम खुलवाया और शव अंतिम संस्कार के लिए गांव भिजवाया।
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थाना क्षेत्र के गांव नवाबगंज निवासी रामपाल ने गांव निवासी मनसुख से रुपये उधार लिए थे। शुक्रवार को रामपाल मनसुख की मेंथा टंकी पर अपनी मेंथा फसल का तेल निकलवाने गया था। आरोप है कि मनसुख ने रामपाल को पूरा तेल नहीं दिया और अपनी उधार की रकम पंद्रह हजार रुपये के बदले मेंथा तेल रोक लिया। इससे क्षुब्ध रामपाल ने जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया। हालत बिगड़ने पर परिजन उसे उपचार के लिए अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मामले में पुलिस ने रामपाल के पिता फूलचंद की तहरीर पर मनसुख के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली और शव को पोस्टमार्टम के लिए रामपुर भेज दिया था।
शनिवार को मृतक के परिजनों संग ग्रामीणों ने पटवाई चौराहे पर पहुंचकर शव को रखकर जाम लगा दिया। परिजनों और ग्रामीणों का आरोप था कि तहरीर में मनसुख सहित उसके तीन बेटों का नाम रिपोर्ट में दर्ज कराने को दिए थे। लेकिन पुलिस ने तहरीर में फेरबदल कर मात्र एक के ख़िलाफ़ रिपोर्ट दर्ज की है। आरोप था कि जिसके ख़िलाफ़ रिपोर्ट दर्ज की है, उसको भी पुलिस ने अभी तक गिरफ्तार नहीं किया है। परिजनों ने जहर देकर हत्या करने का भी आरोप लगाया था। सही रिपोर्ट दर्ज न करने पर शनिवार को परिजनों और ग्रामीणों ने चौराहे पर जाम लगा दिया। दो घंटे लगे जाम से शाहबाद-रामपुर रोड पर दोनों ओर से कई किलोमीटर तक वाहनों की कतारें लग गईं। भीषण गर्मी में लगे जाम से लोग बिलबिला उठे।
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जाम की सूचना पर शाहबाद कोतवाल शिवचरन सिंह और सीओ भी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने भी जाम लगा रहे ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, मगर ग्रामीण नहीं माने। स्थिति बेकाबू देख पुलिस ने जाम लगा रहे लोगों पर लाठी फटकार दी, जिससे भगदड़ मच गई। इसी दौरान जाम लगा रहे लोग चौराहे पर शव छोड़कर फ़रार हो गए। इसी बीच पुलिस ने आनन-फानन में शव को गाडी में रखवाकर गांव भेज दिया। बाद में पुलिस ने जाम में फंसे वाहनों को निकलवाया।
- आरोपी की गिरफ्तारी को ग्रामीणों ने जाम लगा दिया था। पहले एक के खिलाफ तहरीर दी थी। परिजन अब रिपोर्ट में और नाम बढ़ाने की बात कह रहे हैं। काफी देर समझाने पर भी जाम नहीं खोला तो थोड़ी सख्ती करनी पड़ी।
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- श्रीकांत प्रजापति, सीओ मिलक
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