मुरादाबाद। गलशहीद थानाक्षेत्र में पांच लाख रुपये की सुपारी देकर प्रापर्टी डीलर मसरूर आलम की हत्या कराने वाले आरोपी शब्बू उर्फ शोएब को पुलिस ने बुधवार सुबह गिरफ्तार कर लिया। आरोपी शब्बू मृतक प्रॉपर्टी डीलर मसरूर का साला है। उसने पुलिस पूछताछ में कबूला है कि वह मसरूर से पांच साल से बदला लेने की फिराक में था। इसलिए उसने यह षडयंत्र रचा और सुपारी देकर बहनोई की हत्या करा दी। इस मामले में पुलिस तीन आरोपियों को पहले ही जेल भेज चुकी है।
22 दिसंबर की शाम गलशहीद क्षेत्र के ईदगाह रोड पर मसरूर आलम की गोली मारकर हत्या कर दी थी। मसरूर मुगलपुरा थाना के हाफिज बन्ने की पुलिया क्षेत्र के रहने वाले थे। घटना के समय वह अपने बच्चे की दवा लेने घर से निकले थे। इस दौरान दो बाइक सवारों ने गोली मारकर उनकी हत्या कर दी थी। गलशहीद थाना प्रभारी कपिल सिंह ने बताया कि जांच में सामने आया था कि मसरूर के साले शब्बू उर्फ शोएब ने रंजिश के चलते हत्या कराई थी। मसरूर ने शोएब की बहन से निकाह कर लिया था। निकाह के बाद वह शोएब के घर के सामने ही एक घर में रहने लगा था। इसी बात को लेकर शब्बू उर्फ शोएब और मसरूर के बीच विवाद चल रहा था। रंजिश में शोएब ने अपने साथी मुल्ला इस्माइल और रिजवान के साथ मिलकर मसरूर की हत्या की योजना बनाई थी। उसने हत्या के लिए मुल्ला इस्माइल के माध्यम से पांच लाख रुपये रिजवान को दिलवाए थे। रिजवान ने इसमें से दो लाख रुपये अपने पास रखे और बाकी की रकम आधी-आधी अपने दो साथियों गुलाम अहमद व आशू उर्फ अकील को सौंप दी थी। रविवार को पुलिस ने आरोपी रिजवान निवासी लालबाग थाना मुगलपुरा, गुलाम अहमद निवासी लालबाग रोड थाना मुगलपुरा और मुल्ला इस्माइल निवासी बन्ने की पुलिया थाना मगलपुरा को गिरफ्तार किया गया था। सुपारी देने वाले आरोपी शब्बू उर्फ शोएब को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी शब्बू ने पुलिस पूछताछ में बताया कि 2015 में मसरूर ने उसे गोली मार दी थी। गोली शब्बू की रीढ़ की हड्डी में लगी थी। तब से उसका इलाज चल रहा है। पांच साल से वह बदला लेने की फिराक में था। थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी शब्बू उर्फ शोएब सिविल लाइंस में पंद्रह साल पहले हुई एक हत्या के मामले में भी आरोपी है। पुलिस ने आरोपी को बुधवार दोपहर अदालत में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।