मुरादाबाद। यदि आपकी अंगुलियों की छाप मिट गई है और आप राशन के लिए परेशान हो रहे हैं तो अब चिंता की बात नहीं है। आपकी आंखों की पुतली घुमाते ही आपको राशन मिल जाएगा। जिला आपूर्ति अधिकारी का कहना है कि शहरी क्षेत्र की दुकानों पर आईरिस मशीन उपलब्ध करवाई जा रही हैं। हर माह करीब छह फीसदी यानी करीब 32 हजार लोग आईरिस मशीन से ही राशन ले रहे हैं।
मुरादाबाद में कोटे की 1226 दुकानें हैं। यहां से करीब पांच लाख 47 हजार राशनकार्ड धारकों को राशन वितरित किया जाता है। बताया जाता है कि बड़ी संख्या में ऐसे राशनकार्ड धारक हैं, जिनकी अंगुलियों की छाप न होने की वजह से राशन लेने में परेशानी आ रही थी। इसको देखने हुए शासन ने पहले ग्रामीण क्षेत्रों में आईरिस मशीन उपलब्ध करवाईं। यह ई-पॉश मशीन की तरह ही है।
इसमें आंखों की पुतलियों को घुमाकर राशनकार्ड धारक का सत्यापन करवाया जाता है। जिला आपूर्ति अधिकारी अजय प्रताप सिंह ने बताया कि अब शहरी क्षेत्र में भी आईरिस मशीन उपलब्ध करवाई जा रही हैं, जहां से लोग बिना अंगुलियों की छाप लगवाए राशन ले सकते हैं।