- बहुस्तरीय पार्किंग से सड़क किनारे खड़े वाहनों का दबाव घटाने की योजना
- आईएसबीटी, ट्रांसपोर्ट नगर-लॉजिस्टिक हब, सिटी बस, सड़क चौड़ीकरण और ग्रेड सेपरेशन प्रस्तावित
- विकास की बात
अमर उजाला ब्यूरो
मुरादाबाद। बुध बाजार, रेलवे स्टेशन, दिल्ली रोड, कांठ रोड और रामपुर रोड समेत शहर के प्रमुख मार्गों पर जाम रोज की समस्या है। कहीं सड़क किनारे वाहन खड़े होने से रास्ता संकरा होता है तो कहीं बाजार और व्यावसायिक गतिविधियों का दबाव यातायात की रफ्तार रोकता है। मालवाहक वाहनों की आवाजाही भी कई मार्गों पर यातायात व्यवस्था को प्रभावित करती है। इन मौजूदा चुनौतियों के बीच एमडीए ने वर्ष 2051 तक शहर के परिवहन ढांचे को बदलने का खाका तैयार किया है।
एमडीए के विजन 2051 में शहर के मुख्य हिस्से को यातायात के दबाव से मुक्त करने को प्रमुख लक्ष्य बनाया गया है। इसके लिए बहुस्तरीय पार्किंग (एमएलसीपी), अंतरराज्यीय बस अड्डा (आईएसबीटी), ट्रांसपोर्ट नगर एवं लॉजिस्टिक हब, चौराहों का सुधार, सड़क चौड़ीकरण, फुट ओवरब्रिज, ग्रेड सेपरेशन और सिटी बस सेवा प्रस्तावित की गई है। शहर के व्यस्त बाजारों और मुख्य मार्गों पर पार्किंग की कमी यातायात व्यवस्था की बड़ी चुनौती है। विजन में बहुस्तरीय पार्किंग का प्रावधान इसी दबाव को कम करने के लिए रखा गया है। मास्टर प्लान-2031 में भी पार्किंग और ट्रक टर्मिनल के लिए अलग भू-उपयोग तथा नए परिवहन मार्गों का प्रावधान किया गया है। दूसरी तरफ ट्रांसपोर्ट नगर और लॉजिस्टिक हब के जरिये माल परिवहन से जुड़े वाहनों को शहर के भीतर से व्यवस्थित करने का खाका है। इससे शहर के व्यस्त हिस्सों में भारी वाहनों का दबाव कम करने की दिशा में काम किया जा सकता है। विजन में आईएसबीटी को भी परिवहन व्यवस्था का हिस्सा बनाया गया है। एमडीए वीसी अनुभव सिंह का कहना है कि पार्किंग, सार्वजनिक परिवहन, माल परिवहन, चौराहे और पैदल आवाजाही को एक साथ व्यवस्थित करने की योजना बनाई गई है।
चौराहे सुधरेंगे, पैदल राहगीरों को भी अलग रास्ता
यातायात के दबाव वाले चौराहों पर जंक्शन सुधार और सड़क चौड़ीकरण प्रस्तावित है। जहां जरूरत होगी, वहां फुट ओवरब्रिज और ग्रेड सेपरेशन की योजना है। इसका उद्देश्य वाहनों और पैदल यात्रियों की आवाजाही को बेहतर तरीके से व्यवस्थित करना है। विजन 2051 से पहले तैयार महायोजना-2031 में भी शहर के भविष्य के परिवहन ढांचे का खाका रखा गया था। इसमें प्रस्तावित मार्ग, रिंग रोड, बस टर्मिनल, पार्किंग-ट्रक टर्मिनल और प्रस्तावित एमआरटीएस व उपमार्ग जैसे भू-उपयोग शामिल हैं। यानी शहर के विस्तार के साथ परिवहन का ढांचा विकसित करने की सोच पहले से मास्टर प्लान में मौजूद है। विजन 2051 में इसके साथ सिटी बस सेवा को भी जोड़ा गया है। एमडीए के अनुसार लक्ष्य शहर में यातायात का प्रवाह बेहतर करना और परिवहन को सभी के लिए अधिक सुगम बनाना है।