मुरादाबाद। भोजपुर थानाक्षेत्र में रहने वाले व्यापारी ने 30 प्रतिशत मुनाफा कमाने के चक्कर में 57.35 लाख रुपये गवां दिए। साइबर ठग ने पीड़ित से यह रकम ऑनलाइन गेम एप्लीकेशन पर निवेश कराने के नाम पर ठगी है। रकम गंवाने के बाद पीड़ित डिप्रेशन में आ गया और उसने 26 दिन तक परिवार से कोई संपर्क नहीं किया और लापता हो गया। वापस आने के बाद पीड़ित ने साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई है।
साइबर ठगी के शिकार हुए पीड़ित व्यापारी ने दर्ज प्राथमिकी में बताया कि व्हाट्सएप कॉल के जरिए साइबर ठगों ने उनसे संपर्क किया और कीवा इन गेम एप्लीकेशन पर निवेश करने पर 30 प्रतिशत का मुनाफा कराने का झांसा दिया। इसके बार साइबर ठगों ने उन्हें एप डाउनलोड करा दिया। साइबर ठगों ने व्यापारी से दो जनवरी 2025 से 28 अप्रैल 2025 के बीच रकम जमा कराई। पीड़ित ने अपनी जमा पूंजी के साथ ही आभूषण गिरवी रखकर इस एप पर रकम लगा दी थी। रिश्तेदार और परिचितों से भी रुपये उधार लेकर निवेश कराए थे। उन्होंने स्टेट बैंक के खाते से 10.24 लाख रुपये, एचडीएफसी बैंक के खाते से 14.46 लाख रुपये ट्रांसफर किए हैं। इसके 32.64 लाख रुपये जन सुविधा केंद्र के माध्यम से अलग-अलग तारीखों में ट्रांसफर किए हैं लेकिन पीड़ित को न मुनाफा हुआ और न ही मूल रकम वापस मिली जिससे वह कर्जदार भी हो गया।
28 अप्रैल 2025 को साइबर ठगी का एहसास होने पर वह डिप्रेशन में आ गया और अपने परिजनों को कोई जानकारी दिए बिना ही वह घर से चला गया। 26 दिन बाद वह घर वापस आया। पीड़ित का कहना है कि साइबर ठगी की इस घटना से वह इतना परेशान हो चुका है कि कई बार आत्महत्या के बारे में सोच चुका है। एसपी देहात कुंवर आकाश सिंह ने बताया कि साइबर ठगी के शिकार हुए व्यक्ति ने साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई है।