मुरादाबाद। अखिल भारतीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संगठन के अध्यक्ष और पूर्व मंत्री ख्यालीराम शास्त्री को पहले उनके आवास पर गार्ड ऑफ आनर दिया गया और फिर लोकोशेड स्थित मोक्षधाम पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंत्येष्टि की गई। यहां पुलिस और प्रशासनिक अफसर मौजूद रहे।
इतने ईमानदार नेता तो अब हैं ही नहीं
मुरादाबाद। शास्त्री जी के भतीजे कैप्टन सुरेश चंद्र कौशिक का कहना है कि पूरी ईमानदारी के साथ राजनीति की। उनकी आर्थिक स्थिति भी तब सुधरी जब बेटे उमेश ने कारोबार शुरू किया। उससे पहले तो वह शहर में कई जगह किराये के मकान में ही रहते थे।
फोन करके बुला लेते थे
गिंदौड़ा निवासी रविंद्र शर्मा कहते हैं कि सभी से बड़ा प्यार था उन्हें। वह हमारे फूफा थे। जब भी मिलने की इच्छा होती थी फोन करके बुला लेते थे। अभी सात दिन पहले ही मैं उनसे मिलने गया था। ख्यालीराम शास्त्री की ससुराल गिंदौड़ा गांव की है। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष नौबतराम शर्मा के वह बहनोई थे।