साइबर अपराधी ने खुद को क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर बताकर होमगार्ड को कॉल की और उसे धमकाया कि आपके नाम और पते पर विदेशी करेंसी का कोरियर आया है। आरोपी ने उसे स्मगलर बताकर जेल भेजने की धमकी देकर 37 हजार रुपये अपने खाते में ट्रांसफर करा लिए।
सिविल लाइंस के मोरा की मिलक निवासी होमगार्ड मनोज कुमार ने बताया कि उसने 20 दिसंबर को ऑनलाइन एक पेन ऑर्डर किया था। उसकी डिलीवरी 29 दिसंबर को होनी है लेकिन 21 दिसंबर को उनके मोबाइल पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने कहा कि उनका कोरियर आया है। शाम साढ़े सात बजे तक कोरियर पहुंच जाएगा। इसके कुछ देर बाद एक अन्य नंबर से कॉल आई।
शिकायत के अनुसार, कॉल करने वाले ने बताया कि मैं क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर राज कुमार बोल रहा हूं। आपके नाम और पते पर एक कोरियर आया है। जिसमें विदेशी करेंसी (अमेरिकन डॉलर) हैं। उसने होमगार्ड को धमकाया कि आप गैर कानूनी तरीके से विदेश से करेंसी मंगवाते हैं। आप स्मगलर हैं। आपके खिलाफ केस दर्ज कर जेल भेजा जाएगा। आपको आजीवन कारावास की सजा होगी। कुछ ही देर में हमारी टीम तुम्हें गिरफ्तार करने आ रही है। अगर जेल जाने से बचना चाहते हैं तो हमारे खाते में 40 हजार रुपये ट्रांसफर कर दें।
होमगार्ड डर गए और उन्होंने आरोपी के खाते पर पेटीएम के जरिए 37 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। एक घंटे बाद आरोपी ने फिर से कॉल की। इस बार आरोपी ने कहा कि ये बड़ा मामला हो गया है। उच्च अधिकारियों को भी रकम देनी पड़ेगी। इसके बाद ही मामला दब पाएगा। एक लाख रुपये और मांगने लगे। तब होमगार्ड समझ गया कि ये क्राइम ब्रांच से नहीं हैं बल्कि साइबर ठग है। उसने एक लाख रुपये जमा नहीं किए। पीड़ित ने इस मामले की शिकायत साइबर सेल में की है।
ठेला लगाने वाले युवक से पांच हजार की साइबर ठगी
मझोला के खुशहालपुर निवासी गजेंद्र यादव फास्ट फूड का ठेला लगाता है। गजेंद्र ने बताया कि उसने अपने ठेले पर फोन पे का क्यूआर कोड लगा रखा है। सोमवार शाम उसके पास एक अंजान नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले ने उसे बताया कि मैं फोन पे से बोल रहा हूं। आपको कंपनी की ओर से बोनस मिला है। इसके लिए एक लिंक भेज रहा हूं। उसे क्लिक करोगे तो आपके खाते में 1991 रुपये पहुंच जाएंगे। गजेंद्र ने जैसे ही लिंक क्लिक किया। उसके खाते से पांच हजार रुपये कट गए।