शहर में संचालित 31 मदरसों और दो स्कूलों की मान्यता पर तलवार लटक गई है। स्कूलों और मदरसों ने अभी तक स्टूडेंट डाटा कैप्चर फार्मेट (डीसीएफ) प्रपत्र भरकर नहीं जमा किया है। खंड शिक्षा अधिकारी मीना मनराल ने शनिवार को मदरसों और स्कूलों को नोटिस जारी किए हैं। सोमवार तक प्रपत्र जमा नहीं करने पर मान्यता निरस्त करने की संस्तुति करने की चेतावनी दी है।
निजी, सरकारी स्कूलों के अलावा मदरसों को हर साल स्टूडेंट डाटा कैप्चर फार्मेट (डीसीएफ) प्रपत्र भरना अनिवार्य है। प्रपत्र के डेटा के आधार पर केंद्र सरकार शिक्षा बजट जारी करती है। प्रपत्र भरकर जमा करने की आखिरी तारीख 30 अप्रैल है। नगर क्षेत्र के 33 शिक्षण संस्थानों ने शनिवार तक प्रपत्र जमा नहीं कराए हैं। खंड शिक्षा अधिकारी मीना मनराल के मुताबिक शनिवार को प्रपत्र जमा नहीं करने वाले मदरसों और स्कूलों को नोटिस जारी किए हैं। प्रबंधकों से कहा कि गया सोमवार तक प्रपत्र जमा नहीं होने पर जिला अल्पसंख्यक अधिकारी को मदरसों की मान्यता निरस्त करने की संस्तुति की जाएगी। मदरसों का यू डायस कोड निरस्त होते ही वो अवैध हो जाएंगे और संचालन बंद करवा दिया जाएगा।