सफलता की राह में तमाम मुश्किलें आईं, लेकिन नवीन नगर नया गांव निवासी पायल कुमारी ने आल इंडिया प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतकर अपने मजबूत हौसलों का परिचय दिया है। उनका अब एक ही सपना राष्ट्रीय खिलाड़ी बनकर पापा का सहारा बनने का है।
पायल वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय जौनपुर में 15 से 20 फरवरी तक हुई आल इंडिया विश्वविद्यालय प्रतियोगिता में हैंडबाल खेल में स्वर्ण पदक जीतने वाली टीम की सदस्य हैं। पायल ने सेंटर पर खेलते हुए प्रतियोगिता में चार गोल किए। फाइनल में हिमाचल विश्वविद्यालय की टीम को 14-17 गोल से हराकर स्वर्ण पदक जीता। पायल ने बताया कि उनके पिता अशोक कुमार ऑटो चालक हैं। पांच भाई-बहनों सहित पूरे परिवार की जिम्मेदारी उठा रहे हैं, लेकिन खेलने के लिए हमेशा प्रोत्साहित किया है। वह आठ साल से खेल रही हैं। पहले चार वर्ष स्टेडियम में बिना प्रशिक्षक के तैयारी की। अब तक वह प्रदेश स्तर पर रजत, राष्ट्रीय स्तर पर तीन बार प्रतिभाग करने के साथ अब आल इंडिया में स्वर्ण पदक जीता है। उन्होंने जीत का श्रेय प्रशिक्षक बृजेश्वर खरवार को दिया है। पायल ने कहा कि खेल के साथ कोच ने पढ़ने के लिए भी प्रेरित किया था। आर्थिक समस्याओं की वजह से जब उनकी पढ़ाई छूट रही थी तो उन्होंने जौनपुर विश्वविद्यालय में नि:शुल्क प्रवेश दिलाया। क्रीड़ा अधिकारी अनिमेष सक्सेना, जिला सचिव हैंडबाल एसोसिएशन अजय विक्रम पाठक ने शुभकामनाएं दी हैं।