मुरादाबाद। मुरादाबाद रेलवे स्टेशन पर सोमवार सुबह मोरध्वज एक्सप्रेस ट्रेन में पानी और बिजली नहीं होने से बिलबिलाए यात्रियों ने चेन खींचकर जमकर हंगामा किया। ट्रेन पीछे से बिना पानी और लाइट के आ रही थी, लेकिन किसी भी स्टेशन पर न तो लाइट ठीक की गई और न ही कहीं पानी भरा गया। हंगामे की सूचना पर रेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। रेलवे टीम मौके पर पहुंची और कोच की लाइट ठीक की गई और कोचों में पानी भरा गया। सवा दो घंटे तक ट्रेन यहां रुकी रही। जिसकी वजह से डेढ़ घंटे दून एक्सप्रेस पीछे खड़ी रही।
बरौनी से जम्मूतवी के बीच चलने वाली मोरध्वज एक्सप्रेस ट्रेन सोमवार सुबह पांच बजकर 22 मिनट पर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्र्म तीन पर आकर रुकी। ट्रेन के जनरल कोच में न तो लाइट थी और न ही पानी। बिजली नहीं होने से पंखे बंद पड़े थे। यहां भी कोचों में पानी नहीं भरा गया। ट्रेन यहां आठ मिनट रुकने के बाद साढे़ पांच बजे आगे के लिए रवाना हो गई। ट्रेन प्लेटफार्म से कुछ ही दूरी पर पहुंची ही थी कि गुस्साए जनरल कोच के यात्रियों ने चेन पुलिंग कर हंगामा शुरू कर दिया। हंगामे की सूचना पर आरपीएफ और जीआरपी के जवान मौके पर पहुंच गए। इसके बाद यात्रियों को समझाकर शांत करने का प्रयास किया गया। लेकिन वह शांत नहीं हुए। रेल अफसरों के आदेश पर ट्रेन को बैक कर प्लेटफार्म तीन पर लगाया गया। इसके बाद ट्रेन के कोचों में पानी भरा गया। इसके अलावा कोच की लाइट ठीक की गई। पौने आठ बजे ट्रेन को आगे के लिए रवाना किया गया। इस ट्रेन की वजह से हावड़ा से देहरादून जा रही दून एक्सप्रेस ट्रेन भी करीब डेढ़ घंटे तक आउटर पर खड़ी रही। मोरध्वज को रवाना करने के बाद दून एक्सप्रेस को हरी झंडी दी गई। इसके बाद ही ट्रेनों का संचालन शुरू हो पाया।
स्टेशन अधीक्षक अवध अस्थाना ने बताया कि मोरध्वज एक्सप्रेस ट्रेन के कोच में पानी नहीं था। एक कोच में लाइट भी काम नहीं कर रही थी। जिस कारण यात्रियों ने चेन पुलिंग कर दी थी। कोच में पानी भरवाकर ट्रेन रवाना कर दी थी।