मुरादाबाद। बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार (आईसीडीएस) ने मुरादाबाद जिले में आउट ऑफ स्कूल 10379 किशोरियां चिह्नित की हैं। इनकी उम्र 11 से 14 साल है। इनमें कई किशोरियों ने स्कूल का मुंह तक नहीं देखा है, जबकि कइयों ने पारिवारिक कारणों के चलते स्कूल छोड़ दिया है। बेसिक शिक्षा परिषद चिह्नित किशोरियों का नजदीकी स्कूलों में दाखिला कराएगा। आठ जून तक खंड शिक्षा अधिकारियों को चिह्नित किशोरियों के दाखिले की रिपोर्ट बीएसए के माध्यम से निदेशालय को भेजनी है।
बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग ने प्रदेश में स्कूल नहीं जाने वाली 11 से 14 साल की उम्र की किशोरियों का जिलेवार सर्वे किया है। प्रदेश में 512818 किशोरियां चिह्नित हुई हैं। इनमें मुरादाबाद जिले में 10379 किशोरियां शामिल हैं। अधिकतर किशोरियां देहात क्षेत्र के ब्लाकों की हैं। सर्वे रिपोर्ट में कई किशोरियों के स्कूल छोड़ने की वजह प्राइमरी के बाद उच्च प्राथमिक स्कूल के गांव से दूर होने तो कइयों के घरेलू कामकाज का बोझ बताया गया है। सर्वे रिपोर्ट शासन से शिक्षा निदेशालय को भेजी गई है। इसमें आउट ऑफ स्कूल किशोरियों के अभिभावकों से संपर्क कर उनका स्कूलों में दाखिला कराने के निर्देश दिए हैं।
बेसिक शिक्षा अधिकारी योगेंद्र कुमार के मुताबिक निदेशालय और जिला कार्यक्रम अधिकारी से चिह्नित किशोरियों की सूची जारी हो गई है। सभी खंड शिक्षा अधिकारियों से चिह्नित किशोरियों का सत्यापन कराने एवं अभिभावकों से किशोरियों का स्कूलों में दाखिला कराने के लिए प्रेरित करने के निर्देश दिए हैं। बीएसए के मुताबिक आठ जून तक खंड शिक्षा अधिकारियों को सत्यापन रिपोर्ट देनी होगी। रिपोर्ट निदेशालय भेजी जाएगी। एक जुलाई से स्कूल खुलने पर सत्यापित किशोरियों का स्कूलों में दाखिला कराया जाएगा।