बिलारी। नगर में गांधीपार्क के निकट दिनदहाड़े एक ग्रामीण से बाइक सवारों द्वारा नकदी भरा बैग छीने जाने की घटना पुलिस जांच में पूरी तरह से झूठी निकली। ग्रामीण ने पत्नी को गुमराह करने के लिए अपना नकदी से भरा बैग लुटने का नाटक किया था। पुलिस पूछताछ में ग्रामीण ने पूरी घटना बता दी। पुलिस क्षेत्राधिकारी ने देर शाम पत्रकार वार्ता बुलाकर इस घटना का खुलासा कर दिया।
सहसपुर गांव निवासी हबीब अहमद ने बुधवार की दोपहर एक बजे नगर में गांधीपार्क के निकट यह कहते हुए हंगामा शुरू कर दिया था कि दो बाइकसवार उचक्के उसका बैग छीनकर ले गए। जिसमें एक लाख 15 हजार रुपये नकद और अन्य सामान रखा हुआ था। पहले तो हबीब ने पुलिस को मौखिक जानकारी देते हुए तहरीर नहीं दी लेकिन जब बाद में पुलिस ने जोर दिया तब उसने अपराहन लगभग चार बजे तहरीर दे दी और पुलिस ने आनन फानन में अज्ञात के खिलाफ लूट का मुकदमा दर्ज कर लिया।
बिलारी सर्किल के पुलिस क्षेत्राधिकारी रणधीर सिंह ने बुधवार की देर शाम कोतवाली में बुलाई पत्रकार वार्ता में हबीब अहमद को पेश किया। इस दौरान हबीब अहमद ने सीओ और कोतवाल को बताया कि दिल्ली में उसका काम सही न चल पाने के कारण वह आर्थिक तंगी का शिकार हो गया। पत्नी लगातार दबाव बना रही थी कि वह सहसपुर में आकर जल्दी प्लॉट खरीदें।
हबीब अहमद ने पुलिस को बताया कि जब उसके पास रुपयों की व्यवस्था नहीं हो पाई तब उसे अपनी पत्नी से किए गए वादे को पूरा करने की चिंता सताने लगी। उसने दिल्ली से चलते समय ही अपने मन में यह योजना बना ली थी कि वह बिलारी में गांधीपार्क के पास पहुंचकर यह नाटक करेगा कि उसका नकदी से भरा बैग बदमाश लूटकर ले गए ताकि वह पत्नी से यह कह सके कि वह तो प्लॉट खरीदने की तैयारी से रुपयों की व्यवस्था करके लाया था लेकिन अब क्या किया जाए कि लूट का शिकार हो गया। पुलिस क्षेत्राधिकारी ने बताया कि एक टीम संभल बस स्टैंड पर और दूसरी टीम सिरसी बस स्टैंड पर सीसी टीवी कैमरों की जांच करने भेजी गई। फुटेज में पता चला कि हबीब के हाथ में कोई बैग नहीं था। बिलारी में गांधीपार्क के निकट लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज देखने से पता चला कि जहां की वह घटना बता रहा है उस जगह से 100 मीटर पश्चिम में वह पैदल ही बिना किसी बैग के आ रहा था। सीओ ने बताया कि पुलिस अब हबीब के खिलाफ झूठी रिपोर्ट दर्ज कराने के आरोप में कार्रवाई करने की तैयारी में है।