गन्ने का बकाया भुगतान समेत किसानों की अन्य मांगों के समर्थन में भारतीय किसान यूनियन के आह्वान पर दर्जनों किसानों ने गुरुवार को गन्ना उपायुक्त कार्यालय में धावा बोल दिया। किसानों ने गन्ने की होली जलाने के बाद उपायुक्त का घेराव किया। उनको उनके ही कार्यालय में बंद कर दिया। किसानों के आक्रोश को देखते हुए उपायुक्त ने दीवान शुगर मिल से साढ़े नौ करोड़ रुपये बकाया भुगतान का आदेश करवाया।
यूनियन के मंडलीय सचिव ऋषिपाल के नेतृत्व में दर्जनों किसान दोपहर में आंबेडकर पार्क में एकत्र हुए। पार्क से किसान जुलूस की शक्ल में गन्ना उपायुक्त कार्यालय पहुंचे। किसानों ने बकाया भुगतान नहीं होने से प्रदर्शन किया। गन्ना विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए गन्ने की होली जलाई। किसानों को देख उपायुक्त कार्यालय कर्मियों में खलबली मच गई। इसके बाद किसान उपायुक्त कार्यालय पहुंचे और उनका घेराव किया। किसानों की तीखी नोकझोंक हुई। किसानों ने कहा कि विभाग की लापरवाही से किसानों को मिलों से भुगतान नहीं हो रहा है। किसानों ने उपायुक्त को उन्हीं के कार्यालय में बंधक बना दिया और खुद बाहर से धरने पर बैठ गए। उपायुक्त ने दीवान शुगर मिल प्रबंधन से बकाया भुगतान को लेकर बातचीत की। मिल प्रबंधन ने साढ़े नौ करोड़ रुपये का बकाया भुगतान करने का आश्वासन दिया। इसके बाद ही किसानों ने कार्यालय का दरवाजा खोला। ऋषिपाल ने बताया कि साढ़े नौ करोड़ के बकाया भुगतान से 50 फीसदी किसानों को राहत मिलेगी। ऋषिपाल सिंह ने बताया कि 30 जुलाई को मंडल आयुक्त की अध्यक्षता में किसानों और गन्ना विभाग की बैठक होगी। इस दौरान राहुल चौधरी, उमेद सिंह, भीम सिंह, गुरचरण सिंह, नवनीत विश्नोई, डा. जमील, आनंद कुमार, नीरज चौधरी, निशान सिंह, समरपाल सिंह समेत दर्जनों किसान मौजूद रहे।