ब्लड बैंक परिसर में रक्तदान करती नैनसी बरनवाल।
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कारगिल में देश की जीत को लोगों ने शिद्दत से याद किया। गौरव की अनुभूति को प्रगाढ़ करने और किसी जरूरतमंद को रक्त की कमी नहीं होने देंगे इस जज्बे के साथ जोशोखरोश के साथ रक्तदान किया।
कारगिल विजय की दिवस पर अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में आयोजित रक्तदान शिविर में पंजीकृत 87 लोगों में से 69 ने महादान किया। जो किन्हीं वजहों से रक्तदान नहीं कर पाए, उन्होंने किसी की जरूरत पड़ने पर रक्तदान संकल्प दोहराया।
राष्ट्र के गौरव दिवस पर रक्तदान करने वालों में गजब का उत्साह दिखा। सुबह आठ बजे ही नारघाट की नैनसी जायसवाल और वासलीगंज के शैलेंद्र कुमार श्रीवास्तव ब्लड बैंक पहुंच गए। पुलिस अधीक्षक अरविंद सेन ने शिविर का उद्घाटन उसके बाद दोनों ने रक्तदान किया।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि रक्तदान करने जैसा पुनीत कार्य कोई नहीं है। एक व्यक्ति के रक्त से चार लोगों की जिंदगी बचाई जा सकती है। रक्तदान के इतिहास की चर्चा करते हुए कहा कि ऐसे में रक्तदान को लेकर तमाम तरह की भ्रांतियां हैं। इसे दूर करने की जरूरत है। इसमें रक्तदाता को कोई नुकसान नहीं होता और जरूरतमंद की जान बचाई जा सकती है।
जिला क्षय रोग अधिकारी एलएस मिश्रा ने कहा कि प्रत्येक मनुष्य को रक्तदान करना चाहिए। जिस प्रकार पेड़ों की कटाई-छंटाई से नई पत्तियां आती हैं उसी प्रकार रक्तदान करने से नया खून बनता है। इससे ऊर्जा मिलती है।
उद्घाटन के बाद रक्तदान करने वालों की कतार लग लग गई। पंजीकरण, काउंसिलिंग और रक्तदान के लिए लोग कतार में खड़े दिखे।