मिर्जापुर। त्रिकोण से जुड़े पांच मार्गाें को 75 फीट तक चौड़ा करने के लिए पांच करोड़ रुपये से 36 संपत्तियों की रजिस्ट्री की गई।
मां विंध्यवासिनी मंदिर के साथ साथ क्षेत्र से जुड़े अन्य प्रमुख मंदिरों और पौराणिक स्थलों को भव्यता देने की तैयारी शुरू हो गई है। यह जानकारी विशेष भूमि अध्याप्ति अधिकारी गुलाबचंद्र ने दी। बताया कि मार्ग चौड़ीकरण के लिए 126 संपत्तियों में जो शेष, उनकी भी रजिस्ट्री कराई जाएगी। आध्यात्मिक महत्व वाले त्रिकोण से जुड़े मार्गाें को चौड़ा किया जाएगा। इसके लिए कुल 126 संपत्तियों की रजिस्ट्री की जानी है। इसके लिए शासन से 58 करोड़ रुपये जारी हो गए हैं।
मां विंध्यवासिनी मंदिर के महत्व और आध्यात्मिक पर्यटन की संभावनाओं को देखते हुए मंदिर परिसर और आस-पास के क्षेत्र को विंध्य कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जा रहा है। पहले फेज का कार्य पूर्ण होने के बाद अब मंदिर का स्वरूप निखरकर सामने आया है। अब मां विंध्यवासिनी मंदिर से जुड़े काली खोह, अष्टभुजा और त्रिकोण के विकास के लिए विभिन्न योजनाओं को नया स्वरूप दिया जा रहा है।
त्रिकोण के विभिन्न मार्गों का चौड़ीकरण, पैदल पथ, यात्री शेड, प्रवेश द्वार सहित अन्य सुविधाओं का विकास होगा। चौड़ीकरण लाखों श्रद्धालुओं को मिलेगा।