अहरौरा जैसे छोटे कस्बे के प्राइमरी स्कूल में शिक्षा ग्रहण करने वाली श्वेता चौधरी ने मिसेज इंडिया अर्थ के ग्रैंडफिनाले तक पहुंच गई हैं।आदिवा ईवेगिनेशन संस्था की ओर से छह अक्तूबर को दिल्ली मे मिसेज इंडिया का फाइनल होगा। आने वाला समय यह तय करेगा कि मिसेज इंडिया अर्थ का खिताब किसके सिर का ताज बनेगा।
मिसेज इंडिया अर्थ के फाइनल में पहुंचीं श्वेता चौधरी के पिता अशोक श्रीवास्तव अहरौरा स्थित नई बाजार मुहल्ले की मूल निवासी हैं। नगर के साऊ बैजनाथ स्कूल मे श्वेता की प्रारंभिक शिक्षा हुई। तत्पश्चात पालिका इंटर कालेज से हाई स्कूल की पढाई पूरी करने के बाद श्वेता का पूरा परिवार बिहार चला गया। ग्रेजुएशन की पढाई के दौरान पिता अशोक श्रीवास्तव की वाराणसी के लहरतारा के पास ट्रेन से कटकर दर्दनाक मौत हो गयी इसके बाद मां की भी आकस्मिक मौत हो गयी। मां-बाप का साया सिर से उठ जाने के बाद परिवार की पूरी जिम्मेदारी श्वेता के कंधो पर आ गई। पांच भाई-बहनों मे सबसे बड़ी श्वेता को घर का खर्चा चलाने के लिये पैसों की दिक्कत होने लगी तो फैशन डिजाइन का कोर्स करने के बाद श्वेता मुंबई चली गयी और वहीं पर फिल्मों मे काम करना शुरू कर दिया। इसी दौरान श्वेता की मुलाकत अमित चौधरी से हो गयी और दोनों एक दूसरे को पसंद करने लगे और वर्ष 2007 में श्वेता और अमित शादी के बंधन मे बंध गए। अमित की मदद से 2008-09 में दक्षिण भारत की फिल्मों में बतौर अभिनेत्री काम करने का मौका मिला, लेकिन फिल्म फ्लॉप रही। इसके बाद श्वेता मां बन गई, जिस वजह से आगे फिल्मों मे काम नही कर सकी। मई 2017 से आदिवा ईवेगिनेशन संस्था द्वारा मिसेज इंडिया अर्थ का आयोजन किया गया, जिसमे श्वेता चौधरी ने भी भाग लिया। छह अक्टूबर को होने वाले ग्रैंड फिनाले मे 48 महिलाएं पहुंच रही हैं, जिसमे श्वेता की दावेदारी प्रबल मानी जा रही है। आदिवा ईवेगिनेशन संस्था द्वारा आयोजित मिसेज इंडिया अर्थ की ग्रैंड फिनाले के प्रथम, द्वितीय और तृतीय विजेता ही मिसेज यूनिवर्स की प्रतियोगिता में भाग लेकर देश का नाम रोशन करती हैं।