नरायनपुर। टेगरा मोड़ से हनुमना बार्डर तक फोर लेन मार्ग चौड़ीकरण में रविवार को एक धार्मिक स्थल की चहारदीवारी को ढहाया गया। साथ ही जद में आने वाले मकानों को ढहाया गया। भूस्वामियों ने आरोप लगाया कि बिना मुआवजा ही निर्माणों को हटाया जा रहा।
कमालपुर ग्राम प्रधान पति सोहराब अली ने बताया कि धार्मिक स्थल की चहारदीवारी व गांव के मुख्य द्वार को रविवार को ध्वस्त करा दिया गया। कहा कि न तो मुआवजा दिया गया और न तो पुन: निर्माण की बात की गई। इसके साथ ही फोर लेन निर्माण की जद में आने वाले निर्माण को ढहाए जाने पर भवन स्वामियों ने बताया कि कमालपुर गांव के ज्यादातर भवन स्वामियों को मुआवजा नहीं दिया गया है। भवन स्वामी रामलखन सिंह ने बताया कि सर्वेयर की लापरवाही के चलते मूल्यांकन ठीक से नहीं किया गया है। इसकी लिखित शिकायत पर पुन: सर्वे करा कर मुआवजा बनाया गया। लेकिन आज तक मुआवजा नहीं दिया गया। भूस्वामी फजेंद्र प्रसाद सिंह ने बताया कि अधिग्रहीत भूमि की सीमा के बाहर बने हमारे भवन को भी ध्वस्त कर दिया जाना अन्याय है।