मिर्जापुर-औराई मार्ग पर निर्माणाधीन फोर लेन पर पुराने बाड़ा के समीप मार्ग पर फैले गिट्टी व भस्सी के बीच से वाहनों को निकालने के चक्कर में भीषण जाम लग गया। विंध्यधाम में दर्शन-पूजन करने का विशेष मुहूर्त होने के कारण मंदिर जाने वाले सभी मार्गों पर भक्तों के वाहनों की लंबी कतारें लग गई, जिससे प्रचंड गर्मी व तल्ख धूप में लोग पसीने-पसीने हो गए। सुबह आठ बजे से लगा जाम सांयकाल सात बजे तक लगा रहा, जिससे लोगों को असुविधा का सामना करना पड़ा। जाम में जहां कई बारात फंसे रहे, वहीं स्कूली वाहनों के फंसने से बच्चों को भी जाम के झाम से जूझना पड़ा।
सोमवार को सुबह सेे सांयकाल तक लगे भीषण जाम के कारण मिर्जापुर-औराई मार्ग सहित कई अन्य प्रमुख मार्ग भी जाम की चपेट में आ गए थे। मिर्जापुर-औराई मार्ग पर सुबह आठ बजे से लगा जाम सांयकाल सात बजे तक लगा रहा, जिससे लोगों को आवागमन में असुविधा का सामना करना पड़ा। जाम लगने के कारण सड़कों पर छोटे-बड़े वाहनों की लंबी कतार लगी रही, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी व तेज धूप में पीने का पानी भी मयस्सर नहीं हो पाया।
जाम में कई बारात फंसे रहे, वहीं स्कूलों की छुट्टी होने के बाद जाम में कई स्कूलों के बसों पर सवार बच्चे भी जाम के झाम से जूझते रहे। विंध्याचल में दर्शन-पूजन करने के लिए आने वाले भक्तों के वाहन मिर्जापुर-औराई मार्ग सहित चील्ह तिराहा से तिलठी तक, बथुआ तिराहा से छोटी बसहीं तक तथा नगर में मुकेेरी बाजार से विंध्याचल तक फंसे रहे। जाम लगने से मिर्जापुर से औराई मार्ग पर पुराने बाड़ा, चील्ह तिराहा, पुरजागीर, चेकसारी, सागरपुर, मुजेहरा, टेढ़वा तक वाहनों की लंबी कतारें लगी रही।
जाम के लगने से जहां स्कूली बच्चे समय से घर नहीं पहुंच पाए, वहीं बारातियों के वाहन फंसे होने के कारण उन्हें भीषण गर्मी में असुविधा का सामना करना पड़ा। शास्त्री पुल सहित आसपास के सभी मार्गों पर भीषण जाम को खुलवाने के लिए पुलिस प्रशासन ने काफी मशक्कत की, लेकिन जाम पूरी तरह नहीं खुल पाया। चील्ह तिराहे से गोपीगंज मार्ग पर लखनपुर, मवैया, श्रीपट्टी, तिलठी तक, शास्त्री सेतु से नटवां तिराहा, व नटवां तिराहा से बथुआ तक, बथुआ तिराहे से दूधनाथ की चुंगी तक तथा नगर में मुकेरी बाजार से विंध्याचल तक भीषण जाम की स्थिति बनी रही।