भारतीय सेना ने पाकिस्तानी आतंकवादियों को जो जख्म दिए हैं उन्हें पाकिस्तानी आतंकी कभी नहीं भूलेंगे। उन्हें इस बात का यकीन नहीं था कि भारतीय सेना इस तरह से पलटवार करेगी, लेकिन अब हमें सतर्क रहने की जरूरत है। यह बात भारतीय नौ सेना के पूर्व कोमोडोर सरताज इमाम ने कही।
उन्होंने कहा कि भारत ने पहली बार एलओसी क्रास किया है लेकिन हमने किसी देश की संप्रभुता को चुनौती नहीं दी है। भारत संपूर्ण कश्मीर को अपना मानता है। हम अपनी भूमि पर किसी को आतंकवाद को बढ़ावा देने के लिए कैंप नहीं चलाने देंगे। भारतीय सेना के इस कार्रवाई से पाकिस्तान निश्चित तौर पर इन कैंपों को पीछे की ओर शिफ्ट करेगा। कुछ दिनों तक ऐसे हमले होते रहेंगे लेकिन परमाणु हमले जैसी कोई बात नहीं होगी। उन्होंने कहा कि वर्तमान हालात में कनवेंशनल वार चलता है।
भारतीय उपमहाद्वीप में दोनों देश परमाणु शक्ति संपन्न है इसलिए कोई भी देश परमाणु हमला करने की नहीं सोचेगा। पाकिस्तान केवल परमाणु हमले की गीदड़ भभकी दे रहा है। भारतीय कमांडोज दुनिया के सबसे अच्छे कमांडोज हैं।यहां तक कि अमेरिकी और रशियन सेना में भी इतने अच्छे कमांडोज नहीं हैं। इन्होंने ऐसा हमला किया है कि सात आतंकी कैंप नष्ट हो गए हैं और एक भी भारतीय कमांडोज को चोट नहीं आई है। अब कुछ दिनों तक पाकिस्तान की ओर हमले की आशंका को देखते हुए बार्डर से सिविलियन को हटाया जा रहा है। यह सब युद्ध के समय चलता रहता है।