मिर्जापुर। कलेक्ट्रेट सभागार में शुक्रवार को जिला स्तरीय सलाहकार समिति की समीक्षा बैठक में जिले के सांख्यिकी आंकड़े/बैंकवार ऋण- जमा अनुपात का विश्लेषण किया गया। जिलाधिकारी ने बैंक प्रबंधकों को कड़े निर्देश देते हुये कहा कि सरकारी योजनाओं के सकुशल क्रियान्वयन एवं लाभ हेतु स्वयं सहायता समूहों एवं ग्रामीण महिलाओं का खाता प्राथमिकता के आधर पर जल्द खोलने के निर्देश दिए।
डीएम प्रवीण कुमार लक्षकार ने कहा कि सभी संबंधित बैंक जिनका जमा ऋण अनुपात 30 प्रतिशत से कम है, वे बैंक एक विशेष कार्ययोजना बनाकर कार्य करें। ताकि ऋण जमा अनुपात 40 प्रतिशत तक पहुंचे। प्राथमिकता प्राप्त क्षेत्र के अंन्तर्गत जिले का कुल अग्रिम 70.41 प्रतिशत है। कृषि अग्रिम 37.78 प्रतिशत है तथा एमएसई, वीकर सेक्सन अग्रिमो का प्रतिशत क्रमश: 19.68 तथा 18.27 है। जिले का कुल एनपीए 13.34 प्रतिशत है जो औसत से अधिक एवं चिन्ताजनक है। प्राथमिकता प्राप्त क्षेत्र के अन्तर्गत कृषि क्षेत्र मे वार्षिक लक्ष्य मार्च 2021 1421.83 करोड़ रुपये के सापेक्ष 885.71 करोड़ की उपलब्धि प्राप्त की गई है। जो लक्ष्य के सापेक्ष 62.29 प्रतिशत हैं। उद्योेग क्षेत्र में 443.52 करोड़ रुपये के सापेक्ष 328.87 करोड़ उपलब्ध है, जो कि लक्ष्य का 74.14 प्रतिशत हैं। अन्य प्राथमिकता क्षेत्र में 297.66 करोड़ रुपये लक्ष्य के सापेक्ष 102.34 करोड़ उपलब्ध है। जो कि लक्ष्य का 34.88 प्रतिशत है। कृषि, उद्योग एवं सेवा क्षेत्र के मार्च 2021 तक कुल लक्ष्य 2163.01 करोड़ रुपये के सापेक्ष 1316.92 करोड़ की उपलब्ध है जो लक्ष्य का 60.88 हैं। समीक्षा बैठक में किसान क्रेडिट कार्ड /फसली ऋण वितरण, जिला उद्योग केन्द्र द्वारा संचालित योजनाएं, केवीआईबी द्वारा संचालित संचालित पीएमईजीपी, मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, वित्तीय समावेश के अन्तर्गत प्रधानमंत्री जन धन योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, अटल पेंशन योजना, प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना आदि बिंदुओं की प्रगति एवं क्रियानवन्य पर जोर दिया। समीक्षा बैठक मे सीडीओ अविनाश सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी, बैंक प्रबंधक एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।