मिर्जापुर। जिले में प्रचंड धूप और गर्म हवाओं के कारण 24 घंटे में एक डिग्री बढ़कर पारा बुधवार को 45 पार कर गया। 23 अप्रैल को पहली बार 46 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड रिकॉर्ड किया गया। भीषण गर्मी की वजह से पशु पक्षी तक बेहाल रहे। लोगों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो रहा था। दोपहर में बाजार और सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पिछले 11 वर्षों में इतना ज्यादा तापमान कभी नहीं रहा।
बुधवार को दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक अधिकतम तापमान 46 डिग्री और न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। इसके पहले सोमवार और मंगलवार को अधिकतम तापमान 45 सेल्सियस दर्ज किया गया। 24 घंटे में एक डिग्री पारा बढ़ने से लोग बेहाल रहे। सिर से पैर तक ढकने के बावजूद लू के थपेड़ों से बदन झुलस रहा था। वहीं, घरों में पंखे भी गरम हवा दे रहे हैं और कूलर भी बेअसर साबित होने लगे हैं। कड़ी धूप के चलते पशु-पक्षी पेड़ की ओट में दुबके रहे। ग्रामीण कृषि मौसम सेवा भू भौतिकी विभाग, बीएचयू, वाराणसी के नोडल अधिकारी प्रो. रवि शंकर सिंह ने बताया कि पिछले 11 साल में अप्रैल में इतना ज्यादा तापमान कभी नहीं रहा। मौसम विज्ञानियों ने आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ने की संभावना जताई है।
पिछले 11 वर्षों में 23 अप्रैल को इस प्रकार रहा तापमान
23 अप्रैल 2015 30.9 डिग्री सेल्सियस
23 अप्रैल 2016 42.2 डिग्री सेल्सियस
23 अप्रैल 2017 34.5 डिग्री सेल्सियस
23 अप्रैल 2018 30.0 डिग्री सेल्सियस।
23 अप्रैल 2019 27.3 डिग्री सेल्सियस
23 अप्रैल 2020 31.7 डिग्री सेल्सियस।
23 अप्रैल 2021 36.0 डिग्री सेल्सियस
23 अप्रैल 2022 41.5 डिग्री सेल्सियस
23 अप्रैल 2023 37.9 डिग्री सेल्सियस
23 अप्रैल 2024 39.8 डिग्री सेलिस्यस
23 अप्रैल 2025 46 डिग्री सेल्सियस
इनसेट
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स्कूलों से तपते हुए घर पहुंच रहे बच्चे
दोपहर में स्कूलों की छु़ट्टी होने पर बच्चे भीषण गर्मी से बेहाल होकर घर पहुंच रहे हैं। रिक्शा समेत अन्य वाहनों घर पहुंचने पर बच्चों के चेहरे लाल हो जाते हैं। वहीं, साइकिल से आने-जाने वाले बच्चे जगह-जगह रुककर बोतल की पानी से गला तर करते देखे गए।
मिट्टी के घड़े की बढ़ी मांग
भीषण गर्मी में मिट्टी के घड़े की मांग बढ़ गई है। सड़कों के किनारे और दुकानों में घड़े देखते लोग खरीदने के लिए रुक जाते हैं। इस समय बाजार में 150 रुपये से तक घड़े बिक रहे हैं।
पेय पदार्थों की बढ़ी बिक्री
तेज धूप और गर्मी की वजह से पेय पदार्थो की मांग बढ़ गई है। ठेले पर पर गन्ने के जूस, पना और नीबू-पानी की दुकानों में खूब भीड़ जुट रही है। वहीं, लस्सी और कोल्ड डि्रंक की खपत भी बढ़ गई है। ऐसी दुकानों में हर समय ग्राहक जुटे रहते हैं।