मिर्जापुर। लॉकडाउन के दौरान सिटी, पहाड़ी, हलिया व छानबे विकास खंडों मनरेगा के तहत मजदूरों को रोजगार दिया जा रहा। चकमार्ग, तालाबों के जीर्णोद्धार व नालो की सफाई का कार्य युद्धस्तर पर जारी हैं। कार्य स्थल पर सोशल डिस्टेंसिंग का न सिर्फ पालन किया जा रहा है बल्कि कार्य के दौरान श्रमिकों के बार-बार साबुन से हाथ धुलवाया जा रहा।
हलिया, स्थानीय विकास खंड के गलरा में मनरेगा योजना के तहत ढ़ाबा सिवान तालाब का गहरी करण कराया जा रहा है। ग्राम प्रधान अरुण मिश्र की ओर से लगभग दो सौ श्रमिकों को कार्य पर लगाया गया है। सीडीओ अविनाश सिंह ने शनिवार को महोगढ़ी तथा बेदउर गांव में हो रहे मनरेगा कार्यों का औचक निरीक्षण करते हुए बीडीओ से कार्यों पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए। जिगना, बिहसड़कला में 600 मीटर फटहवा नाले की सफाई में सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखते हुए 56 श्रमिकों को कार्य पर लगाया गया है। ग्राम प्रधान बलराम उर्फ पप्पू जायसवाल का कहना है कि कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए श्रमिकों को मास्क बांटने के साथ ही हाथ धुलाई के लिए साबुन आदि की व्यवस्था की गई है। भौरुपुर अजगना मे तालाब खुदाई के 90 श्रमिको को लगाया गया है। ग्राम प्रधान युवराज सिंह व सचिव श्रीकृष्ण उपाध्याय ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान मजदूरों को हमेशा रोजगार मिलता रहे चकरोड निर्माण के लिए वित्तीय स्वीकृति के ब्लाक मुख्यालय को दिया गया है। इसी क्रम मे ग्राम पंचायत विजयपुर, कोलाही, धौरहरा, रसौली, नरोइया व गौरा सहित अन्य ग्राम पंचायतों मे कार्य चल रहा है। प्रभारी खंड विकास अधिकारी एएन मिश्र ने बताया कि मनरेगा के तहत किन्ही कारणवश कार्य चालू नहीं हुए हैं। वहां शीघ्र कार्य चालू कराए जाएंगे।
फल वितरण कर श्रमिकों को पहुंचाई राहत
जिगना। छानबे विकास खंड के बिहसड़ाकला गांव में मनरेगा कार्य के दौरान ग्राम प्रधान बलराम उर्फ पप्पू जायसवाल की ओर से श्रमिकों में प्रतिदिन फल वितरण किया जा रहा है। रविवार को ग्राम प्रधान ने मनरेगा श्रमिकों में केले का वितरण किया।