सीबीआई की टीम ने रविवार को भी सारा हत्याकांड की जांच की।
नेशनल रुरल हेल्थ मिशन (एनआरएचएम) घोटाले की जांच कर रही सीबीआई की दो सदस्यीय टीम बुधवार की सुबह दस बजे मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में पड़ताल करने पहुंची। वहां के चार लिपिकों से करीब तीन घंटे तक चली पूछताछ की जाती रही। इस दौरान फर्नीचर, दवाओं की खरीद आदि के बारे में पूरी जानकारी ली गई।
सीबीआई की टीम ने मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय में तैनात चार लिपिकों को बुलाया। पूछताछ के दौरान पूछा कि किस किस कर्मचारी ने एनाआरएचएम योजना के तहत सामान खरीदा था। सामान की खरीदारी करने के लिए टेंडर कराया था कि नहीं। कराया था तो किस अखबार में कराया था। खरीदारी होने पर उसका भुगतान किसने किया था। इसपर कर्मचारियों ने कहा कि इसके बारे में उनको कुछ पता नहीं है। यह सुनते ही अधिकारी भड़क गए।
कहा कि राइटिंग देखकर पता करे कि किस बाबू का हस्ताक्षर है। कर्मचारियों ने एक दूसरे का हस्ताक्षर होने की बात बताते हुए अपना पल्ला झाड़ लिया। इसके बाद सीबीआई ने कहा कि कौन कौन कर्मचारी कार्यालय में कब से तैनात है। उन्होंने कहा कि एनाआरएचएम योजना सेे क्या क्या खरीदा गया है। तो कर्मचारियों ने बताया कि फर्नीचर, औषधि समेत अन्य सामान शामिल है। टीम ने कई अन्य विंदु पर भी सवाल पूछा।