संवाद न्यूज एजेंसी
मिर्जापुर। पश्चिम बंगाल के रास्ते भारत में आकर पिछले पांच वर्षों से मिर्जापुर के क्रशर प्लांट में कूटरचित फर्जी दस्तावेज से बिहार के पते पर काम कर रहे चारों गिरफ्तार आरोपियों के मोबाइल की फॉरेंसिक जांच की जाएगी।
इससे अगर कोई अन्य गतिविधियां की गई होंगी तो उसका पता चल सकेगा।
कटरा कोतवाली पुलिस ने सोमवार को रेलवे स्टेशन से संदेह होने पर मो. सबूज हुसैन से पूछताछ की गई तो उसने खुद को बांग्लादेशी बताया। उसका भाई सब्बीर हुसैन उसे बांग्लादेश से दो अन्य साथियों के साथ लाया है। जो वर्तमान समय में डगमगपुर पड़री स्थित प्रदीप सिंह के पीके क्रशर प्लांट पर कार्य करते हैं। इसके बाद अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से चार मोबाइल फोन जब्त किए गए।
पुलिस अधीक्षक अपर्णा रजत कौशिक ने बताया कि पूछताछ में देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होने जैसा कुछ नहीं मिला। बाकी इनके मोबाइल की फोरेंसिक जांच कराई जाएगी।