मुख्यमंत्री ने कहा कि सपा ने यूपी में कई बार राज किया। कई मुख्यमंत्री बने, क्यों नहीं मिर्जापुर में कॉलेज बनवाया ? क्यों नहीं विंध्याचल काॅरिडोर बनवाया ? क्योंकि विकास उनके एजेंडे में नहीं था। विकास उनके परिवार का हो, बस यही प्रयास रहता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा की डबल इंजन की सरकार केंद्र और राज्य में बहुत काम कर रही है। विंध्य क्षेत्र अब विकास के लिए हाथ नहीं फैलाता है बल्कि विकास स्वयं आता है। कभी यह क्षेत्र खनन और भू माफिया के लिए जाना जाता था। अब मिर्जापुर की पहचान मां विंध्यवासिनी और भव्य कॉरिडोर के रूप में हो रही है। मिर्जापुर में मेडिकल कॉलेज, मां विंध्यवासिनी के नाम पर विश्वविद्यालय की स्थापना हो चुकी है। पीएम नरेंद्र मोदी फ्रांस के पीएम को लेकर यहां आए थे और सौर ऊर्जा के सबसे बड़े प्लांट का उद्घाटन किया था। हमने 10 साल के अंदर बदलते देश व मिर्जापुर को देखा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एक तरफ भाजपा, अपना दल एस, निषाद पार्टी, सुहेलदेव पार्टी किसान, नौजवान, महिलाओं के विकास के लिए काम कर रही है तो दूसरी ओर समाजवादी पार्टी, कांग्रेस का इंडी गठबंधन है। इन्होंने कहा था चुनाव के बाद खटाखट खाते में एक लाख रुपये आएंगे, लेकिन किसी को पैसा मिला क्या? उनके नेताओं से पूछो कि पैसा कहां गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह तो मां विध्यवासिनी का धाम है। नारी स्वाभिमान का धाम है। यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवता...।
सरकार की उपलब्धियां भी गिनाईं
मुख्यमंत्री ने सरकार की उपलब्धियां भी गिनाईं और कहा कि पीएम मोदी 70 साल के बुजुर्गों को पांच लाख रुपये स्वास्थ्य बीमा का लाभ दे रहे हैं। यही सबका साथ-सबका विकास है। चार करोड़ गरीबों के मकान बन गए। 10 करोड़ गरीबों के घर में उज्ज्वला योजना का कनेक्शन पहुंच गया। होली व दीपावली पर मुफ्त गैस सिलिंडर मिल रहा है। एक करोड़ परिवारों को सालाना 12 हजार रुपये दे रही है। 12 करोड़ किसानों को छह हजार रुपये सालाना प्राप्त हो रहे हैं।
जनसभा में केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल, एसपी बघेल, कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल, अनिल राजभर, राज्यमंत्री रविंद्र जायसवाल, रामकेश निषाद, सांसद विनोद बिंद, भाजपा के काशी के क्षेत्रीय अध्यक्ष दिलीप पटेल, जिलाध्यक्ष बृजभूषण, विधायक रत्नाकर मिश्र, भूपेश चौबे, रमाशंकर पटेल, अनुराग सिंह, रिंकी कोल के अलावा सोहन श्रीमाली आदि मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपना संबोधन मां विंध्यवासिनी और गंगा मैया की जय से किया। वंदे मातरम, नम: पार्वती पतये हर हर महादेव... के उद्बोधन से पूरा पंडाल गूंज उठा। उन्होंने कहा कि इस पावन धरा को कोटि कोटि नमन करता हूं। युग तुलसी के रूप में विख्यात स्वामी राम किंकर जी महाराज की धरा के संबोधन के साथ उनको प्रणाम किया। कहा कि उनका शताब्दी वर्ष चल रहा है, उनको कोटि कोटि नमन...। स्वामी अड़गड़ानंद महाराज, हंस देवरहा बाबा महाराज को यहीं से प्रणाम करता हूं, यह उनकी तपोभूमि है। कार्तिक पूर्णिमा की बधाई भी दी।