41 डिग्री पर स्थिर तापमान, ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली कटौती से बढ़ी परेशानी फिलहाल राहत के आसार नहीं
मिर्जापुर। जनपद में सोमवार को मौसम ने लोगों को राहत की उम्मीद तो दी, लेकिन बादल बूंदाबांदी कर बिना बरसे लौट गए। सुबह छाए बादलों से बारिश की उम्मीद जगी, मगर सुबह नौ बजे के बाद तेज धूप से उमस और बढ़ गई। हवा बंद रहने से लोग दिनभर पसीने से तर-बतर रहे। चिलचिलाती धूप से घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया। राहगीर कुछ दूर चलने के बाद छांव में रुककर राहत पाने की कोशिश करते दिखे।
सोमवार को अधिकतम 41 डिग्री और न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। एक दिन पहले रविवार को भी अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस रहा था, जबकि न्यूनतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था। तापमान में विशेष बदलाव न होने के बावजूद नमी और हवा की कमी ने उमस को और बढ़ा दिया।
उमस भरी गर्मी के बीच नगर और ग्रामीण क्षेत्रों में हो रही बिजली कटौती लोगों की मुश्किलें बढ़ा रही हैं। विशेषकर बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे सबसे अधिक प्रभावित हैं। नगर से सटे इंदी पर्वतपुर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े अघौली, अर्जुनपुर, अनंतरामपट्टी, हहिरहरपुर बेदौली और खजुरी समेत कई गांवों में रात नौ बजे के बाद तीन से चार घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित रहने से लोगों की नींद हराम हो रही है।
अघौली निवासी दीपक बिंद ने कहा कि दिन में उमस से राहत नहीं मिल रही है और रात में बिजली कटौती के कारण घरों में ठहरना मुश्किल हो जाता है। वहीं, खजुरी की रेशमा देवी ने बताया कि बच्चों और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ रही है। बीएचयू के भू-भौतिकी विभाग के मौसम वैज्ञानिक शिव मंगल सिंह ने बताया कि फिलहाल उमस भरी गर्मी से राहत मिलने के संकेत नहीं हैं। आने वाले दिनों में तापमान बढ़ सकता है। हालांकि, आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रहने की संभावना है, जिससे कहीं-कहीं बूंदाबांदी या हल्की बारिश हो सकती है, लेकिन व्यापक राहत की उम्मीद अभी नहीं है।