चुनार/जमुई। स्थानीय थाना क्षेत्र के बरेवां गांव स्थित रेलवे लाइन के पश्चिमी तरफ से गई इंडियन ऑयल कारपोरेशन की पाइप लाइन से रविवार की रात तेल का रिसाव होने लगा। मामले की जानकारी होते ही स्थानीय और विभाग के जिम्मेदार अधिकारी मौके पर पहुचें। पाइपलाइन में सेंधमारी की आशंका जताई गई है।
रविवार की रात कोतवाल गोपालजी गुप्ता अपने दैनिक भ्रमण पर क्षेत्र में निकले थे। वह वाराणासी-मिर्जापुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर बरेवां से आगे की ओर जा रहे थे कि उन्हें डीजल की गंध महसूस हुई। अपने वाहन को खड़ा करके वह रेलवे लाइन के करीब गए तो देखा कि डीजल का फव्वारा निकल रहा था। कोतवाल ने तत्काल इसकी सूचना उपजिलाधिकारी सुरेंद्र बहादुर सिंह और पुलिस उपाधीक्षक सुशील कुमार यादव को देने के साथ ही रेलवे सुरक्षा बल चुनार व अली नगर स्थित इंडियन आयल कारपोरेशन को दिया। सूचना मिलने पर स्थानीय अधिकारी मौके पर पहुंचे। इस बीच रात लगभग साढ़े दस बजे अलीनगर कंट्रोल रूम में लगे लीकेज डिटेक्शन सिस्टम में आपूर्ति का प्रेशर गिरने पर वहां के अधिकारी भी हरकत में आ गए और रात लगभग डेढ़ बजे मेंटेनेंस इंजीनियर आकाश कुमार और असिस्टेंट मैनेजर शिवम दीक्षित भी मौके पर पहुंचे। सोमवार की सुबह पाइप लाइन से हो रहे रिसाव की जांच पड़ताल के लिए जेसीबी लगाकर मिट्टी की खोदाई का कार्य शुरू हुआ। अपराह्न लगभग 10-12 फीट गहरे मिट्टी की खुदाई के बाद पाइप लाइन दिखाई दी। इसके बीच में चोक वाल्व लगा हुआ था। यह देख विभागीय अधिकारियों ने चोरों द्वारा चोरी की नियत से सेंधमारी किये जाने की आशंका जतायी। रिसाव को देर शाम दुरूस्त किया गया। विभागीय अधिकारियों ने सेंधमारी किये जाने की बात कहते हुए अन्य किसी बात को बताने से इंकार किया और मामले से संबंधित जांच पड़ताल रिपोर्ट अली नगर व प्रयागराज के उच्चाधिकारियों को सौंपे जाने की बात कही। देर शाम तक पुलिस में किसी प्रकार की कोई तहरीर विभाग द्वारा नहीं दी गयी थी।