रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा ने यहां शनिवार को कहा कि बछरावां रेल हादसे की जांच एक माह में पूरी हो जाएगी। इसकी जांच की जिम्मेदारी मुख्य संरक्षा अधिकारी को दे दी गई है।
विन्ध्य धाम में मत्था टेकने के बाद पत्रकारों से बातचीत में रेल राज्यमंत्री ने कहा कि बछरावां रेल हादसे की जांच महीने भर में पूरी हो जाएगी। मुख्य संरक्षा अधिकारी एक माह में जांच रिपोर्ट दे देंगे।
उन्होंने दावा किया कि पहले की तुलना में हादसों में कमी आई है।
कहा कि आरपीएफ को आईपीसी की धारा में केस दर्ज करने का अधिकार देने के लिए राज्य सरकारों से बातचीत की जाएगी। मध्य प्रदेश के मंत्री के साथ ट्रेेन में हुई लूट के मामले में उन्होंने राज्य सरकार को दोषी ठहराते हुए कहा कि ला एंड आर्डर राज्य सरकार का मामला है।
रेल राज्यमंत्री ने कहा कि देश में 11 हजार से अधिक मानवरहित समपार हैं।
इनमें 32 सौ समपार फाटकों को अत्याधुनिक किया जाएगा।
रेलवे बोर्ड के पास अधिक शक्तियां होने के कारण कार्यों में विलंब होता है।
इसलिए इसका विकेंद्रीकरण कर महाप्रबंधक और मंडल रेल प्रबंधकों के अलावा स्टेशन अधीक्षकों को भी वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार दिए जाएंगे।
सिग्नलिंग को नवीन प्रणाली से लैस किया जाएगा।