चुनार से आये चार गोताखोरों के अथक प्रयास के चलते अहरौरा के चूना दरी जल प्रपात में डूबे इंजीनियर का शव 20 घंटे बाद बरामद कर लिया गया। बेटे का शव देखते ही पिता समेत परिवार के लोग दहाड़े मार कर रोने लगे। मौके पर मौजूद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
बताते चलें कि वाराणसी स्थित रेनाल्ड कंपनी में कार्यरत इंजीनियर गौरव किशोर पुत्र डॉ. कमल किशोर अपने साथी अरुण श्रीवास्तव, अनूप सिंह, सुद्धांशु, दिनेश सिंह के साथ रविवार को अहरौरा के चूना दरी में पिकनिक मनाने आया था। वह जल प्रपात पर गिर रहे झरने को देख नहाने गया था। इसी दौरान चट्टान पर मौजूद काई से फिसल कर जल प्रपात में गिर डूब गया था। रविवार की शाम होने के चलते गोताखारों डूबे युवक का शव बरामद नहंी कर पाये थे। सोमवार की सुबह चुनार के चार गोताखोर बबुई, राकेश साहनी, कृष्ण साहनी व राममूरत साहनी जाल लेकर जल प्रपाप पर पहुंचे।
दह में उतर कर गौरव के शव की तलाश शुरू कर दी। करीब 20 घंटे बाद दोपहर 12 बजे गोताखोरों ने डूबे गौरव के शव को खोज निकालने में सफलता पा ली। घटना स्थल पर पहुंचे मृतक के पिता डा. कमल किशोर व रेनाल्ड कंपनी के अधिकारी व कर्मचारी शव देखते ही फफक कर रोने लगे। इस दौरान एसडीएम चुनार जैनेंद्र सिंह ने भीड़ भाड़ के समय पुलिस बल बढ़ाने के निर्देश दिए। क्षेत्राधिकारी आपरेशन केपी सिंह ने रविवार व विशेष तिथि व त्योहार के दिन सैलानियों के विशेष चेकिंग करते हुए सतर्कता से पिकनिक मनाने के लिए जागरूक करने का निर्देश दिया।