मिर्जापुर। अधिवक्ता संशोधन बिल के विरोध में मंगलवार को अधिवक्ता हड़ताल पर रहे। जिला कचहरी और तहसीलों में कार्य बहिष्कार करने के साथ प्रदर्शन भी किया। कोषागार कार्यालय और रजिस्ट्री कार्यालय का घेरवा किया। इसके चलते जमीन के बैनामे भी नहीं हुए।
अध्यक्ष सुशील कुमार दूबे ने कहा कि संशोधन बिल का संघ पुरजोर विरोध करता है। केंद्र सरकार से यह अपेक्षा करता है कि संशोधन बिल 2025 को भारत सरकार अधिवक्ताओं के हित को ध्यान में रखते हुए अविलंब वापस ले। सरकार हमारे गले से बैंड उतार कर पट्टा पहना कर अपने सिकंजे मे रखना चाहती है। इस दौरान संजय कुमार चौधरी, कृष्ण मोहन त्रिपाठी, राम कृष्ण द्विवेदी, रमा शंकर पांडेय, जटाधर दुबे, नारायणजी उपाध्याय, संतोष गौतम आदि रहे।
चुनार: नवयुवक अधिवक्ता समिति के सदस्यों ने मंगलवार को अधिवक्ता संसोधन बिल के विरोध में तहसील परिसर स्थित रजिस्ट्री कार्यालय में तालाबंदी कर विरोध जताया। प्रदर्शन के चलते एक भी जमीन की लिखा पढ़ी रजिस्ट्री कार्यालय में नहीं हुई। अधिवक्ताओं ने कहा कि प्रस्तावित अधिवक्ता संसोधन बिल से अधिवक्ताओं का हित प्रभावित होगा। जिसे किसी भी सूरत में बर्दास्त नहीं किया जाएगा।
तालाबंदी के दौरान ही अधिवक्ताओं ने तहसील परिसर में चक्रमण कर नारेबाजी भी किया। रजिस्ट्री कार्यालय में तालाबंदी के चलते 30 लाख रुपये से अधिक के राजस्व की क्षति हुई है। प्रदर्शन में बार के अध्यक्ष अनमोल सिंह, उपाध्यक्ष अमरनाथ सिंह, महामंत्री अजय कुमार पांडेय, सुभाष सिंह, महमूद आलम, रूपेश पांडेय, अनिल सिंह, महेन्द्र सिंह, कैलाशनाथ सिंह प्रमुख मौजूद रहे।