मिर्जापुर। जिले की 27 आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों से कार्य में लापरवाही बरतने पर स्पष्टीकरण मांगा गया है। उनको अपनी स्थिति स्पष्ट करने के लिए 30 नवंबर तक समय दिया गया है। निर्धारित तिथि के अंदर जो आंगनबाड़ी कार्यकत्री अपनी स्थिति स्पष्ट नहीं करेगी उसका नवंबर का वेतन रोक दिया जाएगा।
जिला कार्यक्रम अधिकारी गुरमीत गुप्ता द्वारा टीम बनाकर जनपद के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों की जांच अलग-अलग तिथियों पर कराई गई। इसमें 27 आंगनबाड़ी केंद्र में कार्यकत्रियों के अनुपस्थित होने सहित विभिन्न प्रकार की खामियां मिलीं। इसमें बेदौली, गोपालपुर प्रथम, गोपालपुर द्वितीय, चौबेपुर, सुगापाख, पटेहराकलां प्रथम, पटेहराकलां द्वितीय, बनकी प्रथम, बनकी चार, जमुई प्रथम, जमुई द्वितीय, बसहीं, हरिहरा, गंगापुर, पटेवर, पटेवर प्रथम, भदौहां, मड़िहान गांव, मड़िहान बाजार, तुलसीपुर, पिउरी, कंहईपुर, नौडींहा कंहईपुर, देवरी कटाई, खंडवर मझारी, पथरौल और देवकी कला में जांच के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकत्री अनुपस्थित मिलीं और केंद्र भी बंद मिले।
साथ ही हाट कुक्ड योजना के तहत भोजन नहीं बनाने व पोषाहार का वितरण नहीं करने सहित विभिन्न कमियां मिलीं। इसको गंभीरता से लेते हुए जिला कार्यक्रम अधिकारी ने 27 आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों से स्पष्टीकरण मांगा है। इस संबंध में उन्होंने कहा कि अगर संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो संबंधित का नवंबर का वेतन रोका जाएगा।