विंध्याचल। भादो मास की पूर्णिमा पर विंध्याचल दरबार में भक्तों की भारी भीड़ दर्शन पूजन के लिए उमड़ी। सुबह मंगला आरती के बाद से दोपहर 12 बजे तक भक्तों की भीड़ से मंदिर परिसर गुलजार रहा। श्रद्धालुओं ने गर्भगृह में पहुंच कर और झांकी से भी मां का दीदार किया। इस दौरान घंटे घड़ियाल से माहौल भक्तिमय बना रहा। सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए थे।
भाद्र पद की पूर्णिमा पर भी मां जगत जननी के मंदिर में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। राजराजेश्वरी के दर्शन की लालसा लिए लोगों ने सुबह गंगा स्नान कर मंदिर की ओर रुख करना शुरु कर दिया था। सुबह आठ बजे से लेकर दोपहर 12 बजे तक मंदिर में काफी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे थे। 12 बजे के बाद पितृपक्ष लगने के कारण सभी इसके पूर्व दर्शन पूजन से निवृत्त हो जाना चाह ते थे। अधिकांश भक्तों ने कतारबद्ध हो कर गर्भगृह में पहुंच कर मां के विग्रह का दर्शन किया वहीं झांकी से दर्शन पूजन करने के लिए भी कतार लगी रही। इसके बाद मंदिर में अन्य देवी देवताओं के भी दर्शन पूजन का क्रम चलता रहा। दोपहर में मंदिर बंद होने के पूर्व काफी संख्या में लोग दर्शन के लिए अपनी बारी आने के इंतजार में हाथ में मालाफूल और नारियल लेकर पंक्तिबद्ध देखे गए। पितृपक्ष में अपेक्षाकृत कम दर्शनार्थी दर्शन के लिए आएंगे। इस दौरान नवरात्र के लिए मंदिर को सजाने की तैैयारी की जाएगी। प्रसाद और मालाफूल, पूजन सामग्री बेचने वाले भी अपनी दूकानों का रंगरोगन करायेंगे। इसकी शुरुआत बुधवार से शुरु कर दी गई है।