मिर्जापुर। भारत की कम्युनिस्ट पार्टी माले के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को सिटी ब्लॉक के गांवों में प्रधानमंत्री आवास व स्वच्छता के नाम पर बनाए गए शौचालय के कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान आशाराम भारती ने कहा कि ब्लॉक के अधिकारी व ग्राम प्रधानों के मिलीभगत से योजनाओं से गरीब पात्रों का नाम काट दिया गया है। वहीं आवास के नाम पर गरीबां से 30 हजार रूपया रिश्वत लिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि योजनाओं में इस कदर धांधली की गई है कि जिनके पास मकान हैं उन्हें भी पात्रता सूची में शामिल कर लिया गया है। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि पन्नी व कास की झोपड़ी लगा कर रहने वाले गरीबों को घूस के अभाव में योजना का लाभ नहीं दिया जा रहा है। स्वच्छता के लिए सरकार के अभियान शौचालय बनवाने में भी गड़बड़ी की जा रही है। योजना के तहत लाभार्थियों को मिलने वाला 12 हजार रुपये के स्थान पर उन्हें आधा अधूरा सामान दिया जा रहा है। माले नेताओं न ब्लॉक के अधिकारियों व ग्राम प्रधान द्वारा की जा रही धांधली के खिलाफ धरना प्रदर्शन करने का निर्णय लिया। जिसके तहत माले नेता 30 दिसंबर को ब्लॉक मुख्यालय घेरेंगे।